पलामू: आत्महत्या की रोकथाम को लेकर कार्यशाला का आयोजन किया गया. एसपी रीष्मा रमेशन, सिविल सर्जन डॉ अनिल सिंह, एसडीपीओ सुरजीत कुमार पलामू के मनोचिकित्सक डॉक्टर आशीष कुमार ने संयुक्त रूप से कार्यशाला का उद्घाटन किया.
कार्यशाला में जिले के सैकड़ों पुलिस अधिकारी और कर्मी शामिल हुए. पुलिस अधीक्षक रिष्मा रामेशन ने कहा कि पहले संयुक्त परिवार होता था, तो आत्महत्याएं कम होती थी. क्योंकि परिवार में सुख-दुख बांटने वाला एक दूसरे का होता था. अब हम अकेले रहते हैं.
हमारी मानसिक मनोदशा स्थिर नहीं होती. हम ज्यादा मानसिक तनाव में रहते हैं. वहीं मनो चिकित्सक डॉ आशीष ने कहा की आत्महत्या की घटनाएं पुलिस और फौजीयों में ज्यादा देखने को मिल रही है. जो डरावनी और भयावह है. इसमें जागरूकता कर इसे रोका जा सकता है.
रिपोर्टः दिवाकर सिंह


