नई दिल्लीः भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने आज नई दिल्ली में भारत सरकार के सड़क ,परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। मरांडी ने इस मुलाकात के दौरान उत्तराखंड टनल में झारखंड के 15 मजदूरों के सकुशल बाहर निकाले जाने के संबंध में बात की तथा मजदूरों के परिजनों की चिंता से अवगत कराया।
मरांडी ने कहा कि झारखंड से बड़े पैमाने पर मजदूर बाहर के राज्यों में मजदूरी करने जाते हैं। ऐसे हादसों से परिजनों के साथ बाहर जाकर कमाने वाले मजदूरों के परिजनों की चिंता बढ़ जाती है। मरांडी ने कहा कि कई ऐसे मजदूर हैं जिनके माता-पिता दिव्यांग हैं, घर में उनके सिवा कोई कमाने वाला नहीं है। ऐसे माता-पिता और परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। फंसे मजदूर के घरों में इस वर्ष दीपावली, छठ जैसे त्योहार नहीं मनाए गए।
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दिन बीतते के साथ परिवार हताश और परेशान है
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे दिन बीत रहे परिजन हताश और भयभीत हो रहे हैं। उन्होंने भारत सरकार एवं उत्तराखंड सरकार की देखरेख में चल रहे बचाव कार्य की जानकारी ली। मरांडी के निर्देश पर भाजपा गिरिडीह जिलाध्यक्ष एवं पार्टी के वरिष्ठ नेता सुरेश साव बिरनी प्रखंड के सिमराधाब गांव पहुंचे, जहां के मजदूर सुबोध शर्मा टनल हादसे में फंसे है।
मरांडी ने सुबोध शर्मा के माता-पिता से भी बात की तथा बेटे के सकुशल वापसी का ढांढस बंधाया।
मरांडी ने कहा कि इसके पूर्व उनके निर्देशानुसार प्रदेश महामंत्री एवं सांसद आदित्य साहू ने ओरमांझी प्रखंड चुटुपालू के मजदूर के परिजनों से मुलाकात कर उनके हालचाल की जानकारी ली थी। मरांडी ने कहा कि आज पूरा प्रदेश झारखंड के मजदूरों की सकुशल वापसी की कामना कर रहा है। केंद्र सरकार और उत्तराखंड सरकार के सार्थक प्रयासों से मजदूर बहुत जल्द टनल से बाहर निकल कर अपने घर पहुंचेंगे।
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