रांची: झारखंड में अब नियुक्ति प्रतियोगिता परीक्षा में नकल करते हुए पहली बार पकड़े जाने पर संबंधित व्यक्ति को एक वर्ष की जेल होगी.
साथ ही पांच लाख रुपये जुर्माना लगेगा.नकल करते हुए दूसरी बार पकड़ाने पर तीन वर्ष की सजा और 10 लाख का जुर्माना लगेगा. राज्यपाल ने झारखंड प्रतियोगी परीक्षा विधेयक-2023 पर अपनी मंजूरी कर दी है. विधानसभा में जब यह वियधेक को लेकर काफी हंगामा भी हुआ था.
इस विधेयक को मंजूरी मिलने पर व्यक्ति प्रिंटिंग प्रस,परीक्षा संचालन में गड़बड़ी करने पर 10 वर्ष की सजा तथा 10 करोड़ रूपय जुर्माना लगेंगे.
परीक्षा के बाद प्रश्न पत्र लूटने चोरी करने या ओएमआर शीट नष्ट करने पर 10 वर्ष की सजा व दो करोड़ का जुर्माना लगेंगा. इस विधेयक में सजा के प्रावधान को लेकर विधानसभा में काफी हंगामा हुआ था. विपक्ष ने बिल का प्रति भी फाड़ दी थी. भाजपा के विधायकों ने इसे काला कानून तक कहा था.
इस विधेयक को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल चार अगस्त 2023 को राज्यपाल से मिल कर विधेयक की समीक्षा कर उचित निर्णय लेने का आग्रह भी किया था.
हंगामा को देखते हुए कई विधायकों ने इसे प्रवर समिति के पास भेजने का आग्रह किया, लेकिन मुख्यमंत्री ने सजा के प्रावधान को कम करने का आश्वासन दिया था, इसके बाद ही विधेयक ध्वनिमत से पारित हो गया.







