Desk. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण रिकॉर्ड सातवीं बार केंद्रीय बजट पेश करेंगी। इससे एक दिन पहले कल यानी सोमवार को वह संसद में आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट पेश करेंगी। इसको लेकर भारत के केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा है कि भारत का आर्थिक सर्वेक्षण सोमवार को संसद के सदन के पटल पर रखा जाएगा। वहीं केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर के लिए 2024 का बजट 23 जुलाई 2024 को भी प्रस्तुत किया जाएगा।
बता दें कि, आर्थिक सर्वेक्षण वित्त मंत्रालय में आर्थिक मामलों के विभाग के आर्थिक प्रभाग द्वारा तैयार किया जाता है। यह दस्तावेज मुख्य आर्थिक सलाहकार की देखरेख में तैयार किया जाता है। आर्थिक सर्वेक्षण अर्थव्यवस्था की स्थिति और 2023-24 (अप्रैल-मार्च) के विभिन्न संकेतकों पर अंतर्दृष्टि करता है। यह चालू वर्ष के लिए कुछ दृष्टिकोण भी प्रस्तुत करता है।
पहला आर्थिक सर्वेक्षण 1950-51 में अस्तित्व में आया, जब यह बजट दस्तावेजों का हिस्सा हुआ करता था। 1960 के दशक में इसे बजट दस्तावेजों से अलग कर दिया गया और बजट से एक दिन पहले पेश किया गया। 2022 के लिए आर्थिक सर्वेक्षण का केंद्रीय विषय ‘एजाइल अप्रोच’ था, जो कोविड-19 महामारी पर केंद्रित था।
2023 में थीम ‘रिकवरी कंप्लीट’ था, क्योंकि रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच अर्थव्यवस्था ठीक हो रही थी और पूर्व-कोविड समय में वापस जाने का प्रयास कर रही थी। अपनी नवीनतम मौद्रिक नीति बैठक में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने चालू वर्ष 2024-25 के लिए सकल घरेलू उत्पाद का अनुमान पहले के 7 प्रतिशत से बढ़ाकर 7.2 प्रतिशत कर दिया है। अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने भी 2024 के लिए भारत के विकास अनुमान को पहले के 6.8 प्रतिशत से बढ़ाकर 7 प्रतिशत कर दिया है।



















