रांची: देवघर विधानसभा सीट से हालिया चुनाव में रिकॉर्ड वोटों से जीत दर्ज करने वाले सुरेश पासवान ने 22 स्कोप के साथ खास बातचीत में अपनी जीत के पीछे की वजहें और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा की।
जनता का साथ और हर वर्ग का समर्थन
सुरेश पासवान ने अपनी जीत का श्रेय जनता के विश्वास और समर्थन को दिया। उन्होंने कहा, “हम हर दुख-सुख में जनता के साथ रहे। जब भी उन्होंने हमें बुलाया, हम उनके पास पहुंचे। हर वर्ग, हर समाज ने हमें समर्थन दिया।”
पासवान ने बाबा नगरी देवघर के महत्व को भी रेखांकित करते हुए कहा कि बाबा भोलेनाथ के आशीर्वाद और जनता के अपार समर्थन ने उन्हें 39,760 वोटों से ऐतिहासिक जीत दिलाई।
राष्ट्रीय नेतृत्व का आशीर्वाद
सुरेश पासवान ने आरजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव, तेजस्वी यादव, और झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सहित इंडिया गठबंधन के अन्य नेताओं के मार्गदर्शन और आशीर्वाद का उल्लेख किया। उन्होंने कहा, “हम पार्टी के सच्चे सिपाही हैं और जो भी जिम्मेदारी मिलेगी, उसे पूरी ईमानदारी से निभाएंगे।”
भविष्य की प्राथमिकताएं
देवघर क्षेत्र की समस्याओं को हल करने के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए उन्होंने बताया कि उनकी प्राथमिकता क्षेत्र में पानी की समस्या को स्थायी रूप से खत्म करना है। “हम देवघर को पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने के लिए कार्य करेंगे। साथ ही किसानों और नौजवानों के लिए योजनाओं को आगे बढ़ाएंगे,” उन्होंने कहा।
सुरेश पासवान ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात का जिक्र करते हुए एक नई योजना का सुझाव दिया। उन्होंने कहा, “मैया योजना की तर्ज पर भैया योजना शुरू करने का प्रयास करेंगे। इससे युवाओं और बेरोजगारों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।”
मंत्री बनने की संभावनाओं पर प्रतिक्रिया
जब उनसे मंत्री पद की दौड़ में शामिल होने के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने विनम्रता से कहा, “हम राष्ट्रीय अध्यक्ष और पार्टी के आदेश का पालन करेंगे। अगर जिम्मेदारी मिलती है, तो उसे पूरी निष्ठा से निभाएंगे।”
देवघर के विकास का वादा
सुरेश पासवान ने भरोसा दिलाया कि देवघर और झारखंड के विकास के लिए वे हरसंभव प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा, “जनता ने जो विश्वास हम पर दिखाया है, उसे हम विकास कार्यों के जरिए चुकाने का प्रयास करेंगे।”
इस बातचीत ने स्पष्ट कर दिया कि सुरेश पासवान जनता के मुद्दों को लेकर पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं और देवघर के विकास को लेकर उनकी योजनाएं दूरदर्शी हैं। अब देखना यह होगा कि उनके नेतृत्व में क्षेत्र को किस तरह नई ऊंचाई मिलती है।
(रिपोर्ट: उदय शंकर, 22 स्कोप)


















