दानापुर : राजधानी पटना के शाहपुर थाना क्षेत्र में पशु तस्करी का एक बड़ा मामला सामने आया है। जहां स्थानीय लोगों की सतर्कता और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से 10 बेजुबान मवेशियों को तस्करों के चंगुल से सुरक्षित बचा लिया गया। सोमवार की देर रात हुई इस कार्रवाई में पुलिस ने एक महिंद्रा पिकअप वाहन को जब्त करते हुए चालक को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं पूरे मामले में पशु क्रूरता निवारण अधिनियम और बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
महिंद्रा पिकअप वैन पर उस समय स्थानीय लोगों को शक हुआ जब वाहन के नीचे से लगातार पशुओं का मूत्र गिरता दिखाई दिया
बताया जा रहा है कि दाउदपुर इलाके से गुजर रही एक महिंद्रा पिकअप वैन पर उस समय स्थानीय लोगों को शक हुआ जब वाहन के नीचे से लगातार पशुओं का मूत्र गिरता दिखाई दिया। गाड़ी की गतिविधियां भी संदिग्ध लग रही थीं। इसके बाद कुछ जागरूक ग्रामीणों ने बिना देर किए वाहन का पीछा करना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने पीछा करते हुए वाहन को शाहपुर पुल के पास रोक लिया। जब लोगों ने वाहन के अंदर झांककर देखा तो सभी के होश उड़ गए। पिकअप वाहन में नौ गाय और एक बछड़ी को बेहद अमानवीय और क्रूरतापूर्ण तरीके से ठूंस-ठूंस कर लादा गया था। कई मवेशी दर्द से कराह रहे थे और उनकी हालत काफी खराब बताई जा रही थी।

स्थानीय लोगों ने तुरंत शाहपुर थाना और डायल-112 को इसकी सूचना दी
स्थानीय लोगों ने तुरंत शाहपुर थाना और डायल-112 को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही शाहपुर थाना के अपर थानाध्यक्ष सुनील राम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से वाहन और चालक को अपने कब्जे में लिया तथा सभी मवेशियों को सुरक्षित बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू की। रात के अंधेरे में भी स्थानीय लोगों और पुलिस प्रशासन ने मिलकर काफी मशक्कत के बाद सभी मवेशियों को सुरक्षित शाहपुर थाना परिसर पहुंचाया। वहां एक-एक कर सभी गायों और बछड़ी को वाहन से उतारा गया।

राहत की बात यह रही कि सभी मवेशी जीवित और सुरक्षित पाए गए
राहत की बात यह रही कि सभी मवेशी जीवित और सुरक्षित पाए गए। पुलिस जांच में पकड़े गए वाहन का नंबर BR03GB8024 पाया गया। पूछताछ के दौरान चालक ने अपना नाम मो. मेराज (30 वर्ष) भोजपुर निवासी थाना डुमरांव जिला बक्सर बताया। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि वाहन बक्सर से फुलवारी की ओर जा रहा था और आशंका जताई जा रही है कि मवेशियों को तस्करी के उद्देश्य से ले जाया जा रहा था।

पुलिस द्वारा जब चालक से पशुओं के परिवहन से संबंधित वैध कागजात की मांग की गई तो वह कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका
पुलिस द्वारा जब चालक से पशुओं के परिवहन से संबंधित वैध कागजात की मांग की गई तो वह कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इतना ही नहीं, पूछताछ में भी वह संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। इसके बाद पुलिस ने वाहन को जब्त करते हुए आरोपी चालक को विधिवत गिरफ्तार कर लिया। मामले में शाहपुर थाना कांड संख्या-216/26 दर्ज किया गया है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(4), 317(5), 3(5) एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(a)(d)(e)(f) के तहत कार्रवाई की जा रही है। मामले के अनुसंधानकर्ता सअनि गौतम कुमार बनाए गए हैं।

सिर्फ एक वाहन की कार्रवाई नहीं हो सकती, बल्कि इसके पीछे एक संगठित पशु तस्करी गिरोह सक्रिय होने की आशंका है – पुलिस अधिकारी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह सिर्फ एक वाहन की कार्रवाई नहीं हो सकती, बल्कि इसके पीछे एक संगठित पशु तस्करी गिरोह सक्रिय होने की आशंका है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुट गई है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि तस्करी में और कौन-कौन लोग शामिल हैं, मवेशियों को कहां ले जाया जा रहा था और इस गिरोह का संचालन कौन कर रहा था। फिलहाल पुलिस की इस कार्रवाई की स्थानीय लोगों ने जमकर सराहना की है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते वाहन को नहीं रोका जाता, तो बेजुबान मवेशियों की जान भी जा सकती थी।

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पृथ्वी कुमार की रिपोर्ट
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