बेरमोः वनाधिकार के तहत अपने हक और अधिकार को लेकर चंद्रपुरा प्रखंड के सरैयाटांड़ और लुपसाडीह के आदिवासी समुदाय की महिलाएं पुरुष-बच्चों ने जल जंगल जमीन बचाने को लेकर ढोल नगाड़े, मांदर बजाते हुए रैली निकाली। लुपसाडीह सीमा में जल जमीन जंगल बचाने की सूचना बोर्ड लगाकर समडाली बाबा की पूजा किया गया। इस दौरान झारखंड जंगल बचाओ आंदोलन के केंद्रीय सदस्य ने कहा कि वन अधिकारी अधिनियम के तहत जल जमीन जंगल आदिवासियों की है जो सरकार हमलोगों से छिनने का कार्य कर रही है। यही रवैया रहा तो हमलोग उग्र आंदोनल कर अपने अधिकार लेने का काम किया जायेगा। ग्रामीणों ने कहा कि बहुत सारे जीव जंतु विलुप्त होते जा रहे है इसे बचाना हम वनवासी का दायित्व है। अभी के दौर में इस क्षेत्र से गिद्ध विलुप्त के कगार पर पहुंच चुके हैं इसे बचाने को लेकर अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है ताकि सभी जीव जंतु सुरक्षित रह सके। बड़े बड़े उद्योग लगाने को लेकर बेतहाशा जंगल काटे जा रहे हैं जिस कारण आज पर्यावरण पर काफी बुरा असर पड़ा है। इसलिए सभी जगहों पर समिति बनाई जा रही है जिससे सभी को सुरक्षित रखा जा सके।
रिपोर्ट- मनोज


















