
Big Breaking : सीएम नीतीश को बड़ा झटका, भागलपुर से JDU सांसद अजय मंडल ने पार्टी को कहा अलविदा
पटना : बिहार के सत्ता के गलियारे से एक बड़ी खबर आ रही है। भागलपुर से जदयू सांसद अजय मंडल ने पार्टी को कहा अलविदा कहा है और पार्टी नेतृत्व को अपना इस्तीफा भेंज दिया है। इस्तीफे की वजह जदयू विधायक गोपाल मंडल से उनकी लड़ाई भी मानी जा रही है।


सीट शेयरिंग को लेकर मचे घमासान के बीचे चौकाने वाली खबर है
बिहार चुनाव में सीट शेयरिंग को लेकर मचे घमासान के बीचे चौकाने वाली खबर है। भागलपूर से जदयू के सांसद मंडल ने इस्तीफा दे दिया है और पार्टी प्रबंधन को अपना इस्तीफा भेज दिया है। पूर्णियां के पूर्व सांसद संतोष कुशवाहा के बाद निवर्तमान सांसद का इस्तीफा पार्टी और गठबंधन के लिये एक बड़ा झटका माना जा रहा है।

पार्टी नेतृत्व पर नजरअंदाज करने का लगाया आरोप
पार्टी नेतृत्व को भेजे पत्र में विधानसभा चुनाव में टिकट वितरण में उनको नजरअंदाज करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि आत्मसम्मान और पार्टी के भविष्य को देखते हुए मैं अपना इस्तीफा दे रहा हूं।

JDU विधायक ने सांसद पर लगाए गंभीर आरोप
गौरतलब हो कि भागलपुर में जदयू सांसद अजय मंडल और विधायक गोपाल मंडल के बीच विवाद भी सूर्खियों में रहा है। विधायक गोपाल मंडल ने सांसद पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। जिनमें आपराधिक घटनाओं में शामिल होने और सरकारी जमीन पर अफीम की खेती करवाने जैसे आरोप शामिल हैं। सांसद अजय मंडल ने विधायक के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज कराया है जिसके बाद विधायक ने प्रेसवार्ता कर पलटवार किया था।

मुख्यमंत्री के कहने पर ही अजय मंडल का समर्थन किया था
वहीं विधायक ने सांसद को पॉकेटमारों का सरदार बताते हुए कहा कि लोकसभा चुनाव में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कहने पर ही अजय मंडल का समर्थन किया था। लेकिन अब उन्हें सांसद मानने से इनकार करते हैं। उन्होंने सांसद अजय मंडल की भांजी और जदयू की महिला नेत्री को लेकर कहा कि मैं जो बात बोला हूं, वह बिल्कुल सही है।
अगर मैं जरा सा भी गलत हूं तो सांसद अजय मंडल इस बात का प्रूफ दें कि उसे महिला नेत्री के साथ उनका क्या संबंध है, कागज के साथ। उन्होंने यहां तक भी कह दिया कि जब महिला नेत्री का संबंध मुंगेर जिले से है तो उसे मुंगेर का प्रभारी बनाना चाहिए था, लेकिन उसे भागलपुर जिले का प्रभारी बना दिया गया।
राजीव रंजन की रिपोर्ट
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