Expired Beer Destruction: रांची के नगड़ी स्थित जेएसबीसीएल गोदाम में एक्सपायर 5800 पेटी बीयर नष्ट। कुल 14000 पेटियां खत्म की जाएंगी, अब तक 2.10 करोड़ का नुकसान।
Expired Beer Destructionरांची: राजधानी के नगड़ी स्थित जेएसबीसीएल गोदाम में एक्सपायर हो चुकी बीयर को नष्ट करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। अब तक 5800 पेटी बीयर को जेसीबी मशीन की मदद से नष्ट किया जा चुका है। इन पेटियों की अनुमानित कीमत 2.10 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार कुल लगभग 14000 पेटी बीयर को नष्ट किया जाना है। यह कार्रवाई सोमवार और मंगलवार को भी जारी रहेगी।
Expired Beer Destruction: 24 केन प्रति पेटी, करोड़ों का नुकसान
एक पेटी में 24 बीयर केन रखे होते हैं। इस हिसाब से अब तक लाखों केन नष्ट किए जा चुके हैं। गोदाम में रखी बीयर की समय सीमा समाप्त होने के कारण इसे बाजार में नहीं उतारा जा सकता था, जिसके चलते विभाग ने नष्ट करने का निर्णय लिया।
बताया जा रहा है कि बीयर लंबे समय से गोदाम में पड़ी थी और खपत का सटीक आकलन नहीं होने से यह स्थिति बनी।
Key Highlights
नगड़ी स्थित जेएसबीसीएल गोदाम में 5800 पेटी बीयर नष्ट
अब तक 2.10 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान
कुल 14000 पेटी बीयर नष्ट की जानी है
एक्सपायरी से पहले छूट पर बिक्री की मांग
खपत आकलन में कमी से बनी स्थिति
Expired Beer Destruction: नीति संशोधन की मांग तेज
झारखंड शराब व्यापारी संघ के प्रदेश महासचिव सुबोध कुमार जायसवाल ने इस मामले को लेकर नीति में बदलाव की मांग की है। उनका कहना है कि बीयर की एक्सपायरी से दो माह पहले निर्धारित छूट पर बिक्री की अनुमति दी जानी चाहिए।
उनके मुताबिक यदि ऐसा प्रावधान किया जाता है तो सरकार को राजस्व का नुकसान नहीं होगा और कंपनियों को भी भारी आर्थिक क्षति से बचाया जा सकेगा।
खपत आकलन पर उठे सवाल
व्यापारी संघ का कहना है कि उत्पाद विभाग के पास बीयर की वास्तविक खपत का सटीक डेटा नहीं है। इसी कारण बड़ी मात्रा में स्टॉक एक्सपायर हो गया।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आपूर्ति और मांग के बीच संतुलन का वैज्ञानिक आकलन किया जाए तो भविष्य में इस तरह की स्थिति से बचा जा सकता है।
Highlights


