बाघमारा: राज्यभर के कृषक मित्र लंबे समय से आंदोलन पर हैं. इसी चरणबद्ध आंदोलन के क्रम में आज झारखंड प्रदेश कृषक मित्र महासंघ की धनबाद जिला इकाई द्वारा टुंडी विधायक सह सत्तारूढ़ दल सचेतक मथुरा महतो के आवास पहुंचकर एकदिवसीय धरना दिया. इन कृषक मित्रों को मुख्य तीन मांग- कृषक मित्रों का स्थायीकरण, सभी कृषि विभाग की बहाली में कृषक मित्रों को 50% आरक्षण और इन सभी समस्याओं को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से वार्ता है.
कृषक मित्रों ने जानकारी देते हुए कहा कि पूर्व के सरकार में कृषि मंत्री रहे टुंडी विधायक मथुरा महतो के कार्यकाल में ही कृषक मित्रों की बहाली हुई थी. इसी बात को लेकर यह विश्वास जताते हुए कृषक मित्रों आज धरने के माध्यम से मांगपत्र सौंपा. हालांकि विधायक मथुरा महतो अपने आवास पर नहीं होने के कारण उनके भाई द्वारा मांपत्र प्राप्त किया गया.
कृषक मित्र ने कहा कि हमसब लगभग 13 सालों से अपनी सेवा निरंतर दे रहे है. प्रखंड कार्यालय के कर्मियों के समान कार्य भी करते हैं, पर अबतक स्थायीकरण और मानदेय नहीं दिया गया है. यहां तक की इस कार्य के लिए घोषित एक हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि भी साल भर में कभी कभार मिलती है.
सूबे के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपनी चुनाव घोषणा में कृषक मित्रों को स्थायी करने की बात कही थी। इन्ही सभी समस्याओं को लेकर राज्य भर के कृषक मित्रों के बीच उबाल है। आनेवाले विधानसभा चुनाव में हम कृषक मित्र इसका जवाब भी देंगे.
रिपोर्ट- सूरजदेव मांझी


