पटना: राजद सुप्रीमो लालू यादव के बड़े बेटे और बिहार के पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव के एक युवती के साथ संबंध की खबर सामने आने के बाद राजद सुप्रीमो ने बड़ा कदम उठाया है। लालू यादव ने तेज प्रताप यादव को पार्टी और परिवार से निकाल दिया है। लालू यादव ने इस बात की जानकारी खुद सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से दी जिसके बाद बिहार में एक बार फिर सियासी बवाल मचने लगा है।
राजद के विरोधी दलों के नेता ने लालू यादव के इस फैसले को राजनीतिक नौटंकी करार देते हुए बिहार के लोगों को भ्रमित करने का आरोप लगाया है। इसी कड़ी में कभी लालू यादव के साले सुभाष यादव ने भी तंज कसा है। सुभाष यादव ने कहा कि यह फैसला लालू यादव का नहीं है बल्कि उन्होंने किसी के दबाव में आ कर तेज प्रताप को पार्टी और परिवार से बाहर निकाला है। लालू यादव तेज प्रताप को पार्टी से बाहर तो निकाल सकते हैं लेकिन परिवार से नहीं निकाल सकते हैं। ऐसा करने के लिए उन्हें न्यायालय जाना पड़ेगा।
यह भी पढ़ें – तेज प्रताप- लालू परिवार की भटकती राजनीति
सुभाष यादव ने कहा कि उन्होंने बिहार की जनता को भ्रमित करने के लिए यह सब किया है। तेज प्रताप यादव की पहली शादी परिवार के लोगों ने जबरदस्ती करवाई थी। उस वक्त तेज प्रताप शादी नहीं करना चाह रहे थे लेकिन लालू, राबड़ी और तेजस्वी ने जबरदस्ती उनकी शादी करवाई और अब वे लोग भी फंसेगे। यह यादव समाज की दो दो बेटियों से जुड़ा हुआ मामला है जिनकी इज्जत से खिलवाड़ किया गया है। मैं अपने समाज की बेटियों के साथ खड़ा हूं।
https://www.youtube.com/@22scopestate/videos
यह भी पढ़ें – ‘मोहब्बत की सजा’, Lalu ने तेजप्रताप को पार्टी और परिवार से निकाला, कहा…
पटना से विवेक रंजन की रिपोर्ट


