बांग्लादेश में शेख हसीना की ससम्मान वापसी कराने की अवामी लीग कार्यकर्ताओं ने ली शपथ

डिजीटल डेस्क : बांग्लादेश में शेख हसीना की ससम्मान वापसी कराने की अवामी लीग कार्यकर्ताओं ने ली शपथ। तख्तापलट के बाद बांग्लादेश छोड़कर सुरक्षा कारणों से भारत में ठौर लेने वाली पूर्व पीएम शेख हसीना के समर्थकों को प्रदर्शनकारियों एवं बलवाइयों ने भले ही मौत के घाट उतार दिया और उन मौतों की खबरें तेजी से वायरल भी की जा रही हैं लेकिन शेख हसीना के सियासी दल अवामी लीग के लोगों का मनोबल अभी गिरा नहीं है। बुधवार को बांग्लादेश के राष्ट्रपिता कहे जाने शेख मुजाबुर्रहमान की मजार लीग के कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों ने शपथ ली कि वे हर हाल में अपनी नेत्री शेख हसीना की ससम्मान वतन वापसी सुनिश्चित कराएंगे एवं जरूरी हुआ तो इसके लिए नया आंदोलन भी छेड़ेंगे।

लीग नेताओं ने कहा – तांडव बंद कराने और शेख हसीना की वापसी तक घरों को नहीं लौटेंगे कार्यकर्ता

बुधवार को बांग्लादेश के गोपालगंज के टुंगीपाड़ा स्थित बंगबंधु के नाम से मशहूर रहे बांग्लादेश के जनक शेख मुजीबुर्रहमान की मजार पर अवामी लीग के पदाधिकारी जुटे थे। इनमें लीग के अध्यक्ष महबूल अली खान, महासचिव जी.एम. शहाबुद्दीन आजम आदि की अगुवाई में शपथ पाठ हुआ। मजार पर लीग के लोगों ने खाली मुट्ठी बंद कर सामेन हाथ करते हुए शपथ लिया कि शेख हसीना के साथ हुए अन्याय का बदला लिया जाएगा। इसी के साथ लीग के लोगों ने तख्तापलट के बाद देश में फेली अराजकता, हिंसा और तांडव पर भी लगाम लगाने की कसमें खाईं। लीग के अध्यक्ष महबूब अली खान ने कहा कि गणतांत्रिक आंदोलन के मार्फत ही हम बंगबंधु मुजीब के बेटी शेख हसीना वाजेद की ससम्मान वतन वापसी कराएंगे एवं जमात व बीएनपी के लोगों की ओर से फैलाई गई हिंसा, अराजकता व तांडव को बंद कराएंगे। साथ ही महासचिव शहाबुद्दीन ने घोषणा की कि अपनी नेता को ससम्मान वतन वापसी न कराने तक यहां जुटे लीग के पदाधिकारी अपने घरों को वापस नहीं लौटेंगे, यह भी कसम खाई है।

बांग्लादेश में नए शासक होंगे अर्थशास्त्री मोहम्मद युनूस, गुरूवार को संभालेंगे सत्ता

बता दें कि बांग्लादेश में शेख हसीना सरकार के तख्तापलट और हिंसा के बीच नोबेल पुरस्कार विजेता मुहम्मद युनुस के नेतृत्व में अंतरिम सरकार बनाने का फैसला लिया गया है और उन्होंने इसका प्रस्ताव स्वीकार भी कर लिया है। लेकिन तत्काल सत्ता संभालने के लिए मो. युनुस बांग्लादेश में नहीं थे। अब वह गुरुवार को देश लौटने के साथ ही वह अंतरिम सरकार की कमान संभाल लेंगे।  इस बीचबीएनपी की नेता खालिदा जिया ने भी अस्पताल से संदेश जारी किया और देश में जारी हिंसा पर गंभीर चिंता जाहिर की है। अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में यूनुस का नाम सबसे पहले वैषम्यविरोधी छात्र आंदोलन के शीर्ष छात्र नेताओं द्वारा प्रस्तावित किया गया था जिन्होंने कोटा सुधार आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभाई थी। उसके बाद बैठक में फैसले पर मुहर लगायी गयी। बांग्लादेश के राष्ट्रपति के प्रेस सचिव ने कहा कि सरकार के बाकी सदस्यों के नामों को अन्य राजनीतिक दलों के साथ चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया जाएगा। बता दें कि मोहम्मद युनूस ग्रामीण बैंक के संस्थापक हैं। उन्होंने चार दशकों से अधिक समय से बांग्लादेश के गरीब लोगों को बिना गारंटी के ऋण दिया है। इस बैंक की स्थापना के विचार के लिए उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार मिला और अब उनके नेतृत्व में बांग्लादेश में शांति लौटने की उम्मीद है।

अस्पताल से खालिदा जिया ने जारी किया वीडियो संदेश, बोलीं – अब समृद्ध बांग्लादेश का निर्माण करना है

इस बीच बीएनपी पार्टी की मुखिया खालिदा जिया ने बुधवार को अस्पताल से ही वीडियो संदेश जारी किया है। इस संदेश में उन्होंने तख्तापलट करने वाले छात्रों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने संग्राम किया उनको वह धन्यावाद देती हैं। उन्होंने कहा कि लंबे संग्राम के बाद फासीवादी और अवैध सरकार से मुक्ति मिली है। इस आंदोलन से ही असंभव से ही संभव हुआ है। इस विजय से नई संभावना का उद्भाव हुआ है। उन्होंने कहा कि अब एक समृद्ध बांग्लादेश का निर्माण करना होगा। इसके साथ ही उन्होंने छात्रों और युवाओं से शांति की अपील की।

मोहम्मद युनूस ने दिया संदेश – हिंसा हम सबकी दुश्मन है इसलिए शांति बरतें और अचल संपत्तियां नष्ट ना करें

देश की जनता के लिए जारी संदेश में मो. युनूस ने कहा कि मैं उन बहादुर छात्रों को बधाई देता हूं जिन्होंने हमारे दूसरे विजय दिवस को वास्तविकता बनाने में हमारा नेतृत्व किया और देश की विशाल जनता को बधाई देता हूं, जिन्होंने छात्रों के आंदोलन का पूरा समर्थन किया। आइए हम अपनी इस नई जीत का सर्वोत्तम उपयोग करें और आइए हम अपनी किसी गलती की वजह से यह जीत न गंवाएं। उन्होंने कहा कि मैं सभी से वर्तमान स्थिति में शांत रहने और सभी प्रकार की हिंसा और अचल संपत्ति के विनाश से दूर रहने की अपील करता हूं और सभी से छात्रों और गुटों की परवाह किए बिना शांत रहने का अनुरोध करता हूं। अब हमारा मुख्य कार्य संभावनाओं वाले इस खूबसूरत देश को अपनी और आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखना और आगे बढ़ाना है। हमारे युवा एक नई दुनिया बनाने के लिए तैयार हैं। हम हिंसा का सहारा लेकर इस अवसर को नहीं खो सकते। हिंसा हम सब की दुश्मन है। कृपया दुश्मन न बनाएं। सभी लोग शांत रहें और देश के पुनर्निर्माण के लिए आगे आएं।

Jharkhand High Court Cyber Fraud: साइबर फ्रॉड में फ्रीज हुए 8,674...

Jharkhand High Court Cyber Fraud: साइबर अपराध और डिजिटल बैंकिंग से जुड़े मामलों के बीच निर्दोष बैंक खाताधारकों को उनके खाते में अनजाने में पहुंचने...

Jharkhand High Court Compensation: 10.30 लाख से सीधे 16.22 लाख! इंजीनियरिंग...

Jharkhand High Court Compensation: झारखंड हाई कोर्ट ने सड़क हादसे में जान गंवाने वाले 22 वर्षीय इंजीनियरिंग छात्र के परिवार को बड़ी राहत दी...

JSSC CGL 2023 Scam: एक के बाद एक गिरफ्तारी… JSSC CGL...

JSSC CGL 2023 Scam: झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की राज्य स्नातक योग्यताधारी संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा-2023 (CGL) में कथित धांधली और अनियमितता के मामले में...