रांची: झारखंड के उग्रवाद प्रभावित 12 जिलों में कार्यरत सहायक पुलिसकर्मियों के अनुबंध की अवधि अगस्त में समाप्त हो रही है, लेकिन राज्य सरकार इसे नौवीं बार बढ़ाने पर विचार कर रही है। साल 2016 में करीब 2200 सहायक पुलिसकर्मियों को अनुबंध के आधार पर नियुक्त किया गया था, जिनकी संख्या घटकर अब लगभग 1800 रह गई है।
अब तक हर बार केवल एक वर्ष का विस्तार दिया जाता रहा है, लेकिन इस बार अवधि बढ़ाने की सीमा में बदलाव संभव है। वर्तमान में सहायक पुलिसकर्मियों को करीब 13 हजार रुपये मासिक भत्ता मिलता है।
सूत्रों के अनुसार, इस बार अवधि विस्तार के साथ-साथ सामाजिक सुरक्षा से जुड़े पहलुओं पर भी चर्चा हो सकती है। फिलहाल कार्यकाल के दौरान किसी सहायक पुलिसकर्मी के निधन पर न तो बीमा और न ही मुआवजा का प्रावधान है। फाइल सरकार के पास विचाराधीन है और अंतिम निर्णय जल्द लिया जाएगा।


















