दुर्गा पूजा पर बारिश का साया, बंगाल की खाड़ी में बन रहे दो सिस्टम से झारखंड में बढ़ेगी चिंता

दुर्गा पूजा पर झारखंड में बारिश का असर रहेगा। बंगाल की खाड़ी में दो सिस्टम बन रहे हैं। सितंबर और अक्टूबर तक मानसून सक्रिय रहने की संभावना।


रांची: दुर्गा पूजा के दौरान पुरे झारखंड में बारिश का साया मंडरा रहा है। पुरे राज्य में मानसून सक्रिय बना हुआ है और सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। मौसम विज्ञान केंद्र रांची के निदेशक अभिषेक आनंद ने बताया कि दुर्गोत्सव पर भी बारिश होने की संभावना है । बंगाल की खाड़ी में दो निम्न दबाव के क्षेत्र बनने की संभावना है, जिनका असर राज्य में देखने को मिलेगा।

15 सितंबर के बाद एक नया सिस्टम विकसित हो सकता है, जिसका असर दुर्गा पूजा के दौरान बारिश के रूप में दिखेगा। अनुमान है कि इस बार मानसून 15 अक्टूबर तक सक्रिय रहेगा। यानी दुर्गोत्सव के दौरान छिटपुट से लेकर भारी बारिश तक की संभावना बनी रहेगी।


🔑 Key Highlights

  • दुर्गा पूजा पर बंगाल की खाड़ी से बन रहे दो सिस्टम का असर, झारखंड में बारिश की संभावना

  • मानसून 15 अक्टूबर तक सक्रिय रहने के आसार

  • अगस्त में सामान्य से 13% कम, लेकिन सितंबर में अच्छी बारिश के संकेत

  • रांची में अब तक सामान्य से 56% अधिक बारिश दर्ज

  • पिछले 5 वर्षों में सितंबर में सबसे अधिक 333.1 मिमी बारिश 2024 में हुई


अगस्त में सबसे कम, लेकिन सितंबर में अच्छी बारिश के आसार

जून और जुलाई की तुलना में इस बार अगस्त में अपेक्षाकृत कम बारिश हुई। औसतन 290.6 मिमी के मुकाबले सिर्फ 251.5 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से 13% कम है। इसके बावजूद सितंबर में अच्छी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, तीन-चार दिन की मूसलाधार बारिश हुई तो सितंबर का औसत कोटा जल्दी पूरा हो जाएगा।

2 से 5 सितंबर तक बादल और बारिश

बंगाल की खाड़ी के उत्तरी और मध्य भाग में बने निम्न दबाव का क्षेत्र ओडिशा से होकर गुजरेगा। इसके कारण झारखंड में 2 से 5 सितंबर तक बादल छाए रहेंगे और कई जगह हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। 2 सितंबर को दक्षिणी और मध्य झारखंड में तेज बारिश के आसार हैं। इस दौरान 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।

पांच वर्षों में रांची की बारिश का रुझान

  • सितंबर माह में सामान्य बारिश 212.3 मिमी होती है।

  • 2020 में सबसे कम 118.1 मिमी (44% कम) बारिश दर्ज हुई।

  • 2021 में 290 मिमी (37% अधिक), 2022 में 318.8 मिमी (50% अधिक), 2023 में 273.6 मिमी (29% अधिक) और 2024 में 333.1 मिमी (57% अधिक) बारिश हुई।

  • अगस्त माह में इस साल 251.5 मिमी बारिश हुई, जो पिछले पांच वर्षों में सबसे कम है। जबकि 2022 में सबसे अधिक 598.2 मिमी दर्ज की गई थी।

Saffrn

Trending News

Corrugated Boxes Supplier in Jharkhand & West Bengal | Aarisha Packaging Solutions

Social Media

194,000FansLike
27,500FollowersFollow
628FollowersFollow
695,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img