पटना : बिहार विधानसभा चुनाव खत्म होने और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की नई सरकार बने के बाद आज यानी नौ दिसंबर को थोड़ी देर पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में बिहार कैबिनेट की बैठक हुई थी जो कि खत्म हो गई है। बैठक में कुल 19 एजेंडों पर मुहर लगी है। नई सरकार बनने के बाद यह नीतीश कैबिनेट की दूसरी बैठक थी। बैठक में सीएम नीतीश के अलावा दोनों डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी, विजय कुमार सिन्हा और मंत्री विजय कुमार चौधरी के अलावा सभी मंत्री और कई अधिकारी मौजूद रहे।
बिहार में सरकारी कर्मियों को नए साल का तोहफा, 5 फीसदी बढ़ा DA
कैबिनेट की बैठक में सरकारी कर्मचारियों को बड़ी सौगात मिली है। सबसे बड़ा निर्णय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों का महंगाई भत्ता (DA) पांच प्रतिशत बढ़ाने का रहा है। कैबिनेट ने राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों का महंगाई भत्ता पांच प्रतिशत बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। यह संशोधित दरें एक जुलाई 2025 से प्रभावी होंगी। डीए बढ़ने से राज्य सरकार के लाखों कर्मचारियों को सीधे आर्थिक लाभ मिलेगा। वित्त विभाग के अनुसार, बढ़े हुए डीए का भुगतान जल्द ही जारी होने की संभावना है। इन फैसलों का सीधा असर राज्य के सरकारी कर्मियों, युवाओं, विद्यार्थी वर्ग और प्रशासनिक ढांचे पर पड़ेगा। एक जुलाई 2025 से 252 प्रतिशत की जगह 257 फीसद डीए मिलेगा।

कैबिनेट बैठक को इस बार एक व्यापक प्रशासनिक रणनीति का हिस्सा भी माना जा रहा है
कैबिनेट बैठक को इस बार एक व्यापक प्रशासनिक रणनीति का हिस्सा भी माना जा रहा है। एनडीए सरकार बिहार में विकास कार्यों को गति देने के लिए मल्टी-डिपार्टमेंटल को-ऑर्डिनेशन, सख्त मॉनिटरिंग और निश्चित समय सीमा के भीतर प्रोजेक्ट डिलीवरी का मॉडल लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। सरकार का उद्देश्य है कि 2025-26 तक युवा वर्ग को नई आर्थिक संभावनाएं मिलें, कौशल विकास योजनाओं को तेज रफ्तार मिले और उद्यमिता को बढ़ावा दिया जा सके। यही कारण है कि 19 एजेंडों में रोजगार सृजन और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े प्रस्तावों को प्राथमिकता दी गई।

प्रस्तावित विद्यार्थी कौशल कार्यक्रम को भी मंजूरी प्रदान की गई
बैठक में युवा कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया (NSE) द्वारा प्रस्तावित विद्यार्थी कौशल कार्यक्रम को भी मंजूरी प्रदान की गई। इससे पहले 25 नवंबर को हुई बैठक में सरकार ने छह महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगाई थी, जिनमें युवाओं के लिए विशेष लाभकारी निर्णय शामिल था। लगातार हो रही कैबिनेट बैठकें इस बात का संकेत हैं कि सरकार अगले कुछ महीनों में बड़े पैमाने पर विकासात्मक और रोजगार-केंद्रित कदम उठाने के मूड में है।

केबिनेट से 3 विभागों को मिला स्वीकृति
आपको बता दें कि नीतीश कैबिनेट में तीन विभागों को स्वीकृति मिल गई है। युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग, उच्च शिक्षा विभाग और सिविल विमानन विभाग की स्वीकृति मिल गई है। इसके अलावा पशु और मत्स्य विभाग का नाम बदलकर डेयरी, मत्स्य और पशु संसाधन विभाग किया गया है। श्रम संसाधन का नाम बदलकर श्रम संसाधन और प्रवासी श्रमिक कल्याण किया गया। कला संस्कृति एवं युवा विभाग का नाम बदलकर कला एवं संस्कृति विभाग किया गया।

कई विभागों के नाम में किया गया बदलाव
इसके अलावा पशु और मत्स्य संसाधन विभाग का नाम डेयरी मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग, श्रम संसाधन विभाग का नाम श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग और कला संस्कृति एवं युवा विभाग का नाम कला एवं सांस्कृतिक विभाग किया जाएगा। तकनीकी विकास निदेशालय का नाम बदलकर सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम निदेशालय किया जाएगा। इसकी मंजूरी आज कैबिनेट की बैठक में दे दी गई है।
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NSEIL मुंबई के साथ समझौता करेगी
वहीं युवाओं के सशक्तीकरण एवं हुनर विकास के लिए ‘विद्यार्थी कौशल कार्यक्रम’ संचालित करने के लिए बिहार सरकार नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (NSEIL) मुंबई के साथ समझौता करेगी। इसका एमओयू साइन करने की स्वीकृति का निर्णय आज की बैठक में लिया गया है। दूसरी ओर ऑपरेशन सिंदूर के दौरान शहीद बीएसएफ के सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज के पुत्र को अनुकंपा पर नौकरी देने के संबंध में कैबिनेट से मंजूरी दे दी गई।
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अंशु झा की रिपोर्ट
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