झारखंड में सहायक आचार्य पदस्थापन को लेकर विरोध बढ़ा। प्राथमिक शिक्षक संघ ने गाइडलाइन की अनदेखी और महिला व दिव्यांग शिक्षकों को प्राथमिकता न देने का आरोप लगाया।
Assistant Teacher Posting Issue रांची: राज्य के विभिन्न जिलों में नवनियुक्त सहायक आचार्यों के पदस्थापन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है, लेकिन इसे लेकर विरोध तेज हो गया है। कई जिलों में पदस्थापन सूची पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया जा रहा है कि शिक्षा विभाग ने अपनी ही गाइडलाइन की अनदेखी की है।
Assistant Teacher Posting Issue: गाइडलाइन उल्लंघन का आरोप, प्राथमिकता की मांग
प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश प्रवक्ता नसीम अहमद ने कहा कि सहायक आचार्य पदस्थापन में महिला और दिव्यांग शिक्षकों को प्राथमिकता देने की नीति का पालन नहीं किया गया। साथ ही कई एकल विद्यालयों में भी सहायक आचार्य की नियुक्ति नहीं की गई, जिससे शिक्षण व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
Key Highlights
सहायक आचार्य पदस्थापन प्रक्रिया पर विरोध
शिक्षा विभाग की गाइडलाइन की अनदेखी का आरोप
महिला व दिव्यांग शिक्षकों को प्राथमिकता न दिए जाने की शिकायत
स्थानीय प्रखंड से बाहर पदस्थापन पर अभ्यर्थियों की नाराज़गी
प्राथमिक शिक्षक संघ ने पारदर्शी पुनर्विचार की मांग की
Assistant Teacher Posting Issue: स्थानीय प्रखंड की अनदेखी – स्थानांतरण पर आपत्ति
संघ ने यह भी आरोप लगाया कि नियुक्ति और पदस्थापन में स्थानीयता को नजरअंदाज किया गया है। उदाहरण के तौर पर रातू प्रखंड के एक अभ्यर्थी को सिल्ली भेजा गया, जबकि सिल्ली के अभ्यर्थी को खलारी में पदस्थापित कर दिया गया। ऐसे मामले नियुक्ति प्रक्रिया की पारदर्शिता और नीति के पालन की स्थिति पर सवाल खड़े करते हैं।
Highlights

