झारखंड में पश्चिमी विक्षोभ से ठंड बढ़ी। मैक्लुस्कीगंज में तापमान -1.5°C पहुंचा। रांची सहित कई जिलों में स्कूल 15 जनवरी तक बंद।
Jharkhand Weather Update:झारखंड में शीतलहरी का प्रकोप, मैक्लुस्कीगंज सबसे ठंडा
Jharkhand Weather Update रांची: पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से झारखंड में ठंड का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। गुरुवार को मैक्लुस्कीगंज का न्यूनतम तापमान माइनस 1.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। लपरा विकासनगर स्थित लिटिल स्टार स्कूल परिसर में सुबह छह बजकर सात मिनट पर यह तापमान रिकॉर्ड किया गया। ठंड का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि खुले में रखे बर्तनों का पानी जमकर बर्फ बन गया।
स्थानीय लोगों के अनुसार, हार्ट ऑफ मैक्लुस्कीगंज कहे जाने वाले क्षेत्र और आसपास के इलाकों में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को प्रभावित किया है। कंट्री कॉटेज समेत कई स्थानों पर डिजिटल मीटर से शून्य से नीचे तापमान दर्ज होने की पुष्टि हुई है।
Key Highlights
मैक्लुस्कीगंज में न्यूनतम तापमान माइनस 1.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज
बर्तनों में रखा पानी जमकर बर्फ में तब्दील
राज्य के कई जिलों में तापमान सामान्य से नीचे
ठंड और शीतलहरी के कारण स्कूलों में पठन-पाठन स्थगित
सरकारी स्कूल अब 15 जनवरी से खुलेंगे
Jharkhand Weather Update:विभिन्न जिलों का न्यूनतम तापमान
राज्य के अन्य जिलों में भी ठंड का असर साफ दिखाई दे रहा है। गुरुवार को रांची, धनबाद और देवघर में न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। जमशेदपुर में 8.4 डिग्री, बोकारो में 6.5 डिग्री और रामगढ़ में 5 डिग्री सेल्सियस रहा। लोहरदगा का तापमान 3.6 डिग्री और सरायकेला का 5.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे ठंड की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
Jharkhand Weather Update:ठंड के चलते स्कूल बंद, 15 जनवरी से खुलेंगे सरकारी विद्यालय
मौसम विभाग की ठंड और शीतलहरी की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं। 9 और 10 जनवरी को सभी सरकारी और गैर सरकारी स्कूलों में केजी से 12वीं तक की कक्षाएं बंद रखने का आदेश जारी किया गया है। उपायुक्त द्वारा जारी निर्देश के अनुसार, विद्यार्थियों के पठन-पाठन कार्य पर अस्थायी रोक रहेगी।
Jharkhand Weather Update
11 जनवरी को रविवार, 12 और 13 जनवरी को सोहराई पर्व की छुट्टी और 14 जनवरी को मकर संक्रांति के अवकाश के कारण अब सरकारी स्कूल सीधे 15 जनवरी से खुलेंगे। हालांकि, शिक्षकों और कर्मियों को रविवार छोड़कर अन्य दिनों में निर्धारित समय पर उपस्थित होकर ई-वाहिनी में अपनी उपस्थिति दर्ज करानी होगी।
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