मधेपुरा : बिहार के कोसी क्षेत्र के लिए एक बड़ी और ऐतिहासिक परियोजना तेजी से आकार ले रही है। मधेपुरा जिले के चौसा प्रखंड स्थित फुलौत में निर्माणाधीन कोसी मेगा ब्रिज न केवल वर्षों पुरानी आवागमन की समस्या को दूर करेगा, बल्कि नेपाल, मिथिलांचल, अंग प्रदेश और झारखंड के बीच सामाजिक और आर्थिक संबंधों को भी नई मजबूती देगा। बिहार सरकार की विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री व मधेपुरा की प्रभारी मंत्री शीला कुमारी मंडल ने निर्माणाधीन पुल का निरीक्षण किया और अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए।
मधेपुरा जिले के चौसा प्रखंड के फुलौत स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग-106 पर बन रहा कोसी मेगा ब्रिज क्षेत्र के विकास की नई कहानी लिखने की तैयारी में है
दरअसल, मधेपुरा जिले के चौसा प्रखंड के फुलौत स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग-106 पर बन रहा कोसी मेगा ब्रिज क्षेत्र के विकास की नई कहानी लिखने की तैयारी में है। करीब 1400 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे इस महत्वाकांक्षी पुल की लंबाई लगभग साढ़े सात किलोमीटर है। यह पुल वीरपुर से लेकर भागलपुर जिले के बिहपुर तक संपर्क स्थापित करेगा, जिससे कोसी क्षेत्र के लाखों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। निरीक्षण के दौरान प्रभारी मंत्री शीला कुमारी मंडल ने निर्माण कार्य की प्रगति, गुणवत्ता और तय समयसीमा की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने निर्माण एजेंसी और संबंधित विभाग के अधिकारियों से पुल निर्माण की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और निर्देश दिया कि गुणवत्ता से कोई समझौता किए बिना कार्य को समय पर पूरा किया जाए।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि कोसी मेगा ब्रिज केवल एक पुल नहीं, बल्कि क्षेत्र के विकास का मजबूत आधार बनेगा
प्रभारी मंत्री ने कहा कि कोसी मेगा ब्रिज केवल एक पुल नहीं, बल्कि क्षेत्र के विकास का मजबूत आधार बनेगा। इसके निर्माण से कोसी इलाके के लोगों को बेहतर आवागमन की सुविधा मिलेगी। साथ ही व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान होगी। उन्होंने कहा कि इस पुल के बनने से पड़ोसी देश नेपाल और पड़ोसी राज्य झारखंड के साथ लोगों के पारंपरिक बेटी-रोटी के रिश्ते और भी मजबूत होंगे।

निरीक्षण के दौरान विभागीय अधिकारी, अभियंता व स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे
निरीक्षण के दौरान विभागीय अधिकारी, अभियंता और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मंत्री को आगामी कार्ययोजना और निर्माण की प्रगति से अवगत कराया। वहीं स्थानीय लोगों ने भी पुल निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग की। उनका कहना है कि वर्षों से कोसी क्षेत्र के लोग बेहतर संपर्क व्यवस्था का इंतजार कर रहे हैं और पुल के पूरा होने के बाद क्षेत्र के विकास को नई रफ्तार मिलेगी।

कोसी नदी पर बनने वाला यह मेगा ब्रिज न केवल दूरी कम करेगा
कोसी नदी पर बनने वाला यह मेगा ब्रिज न केवल दूरी कम करेगा, बल्कि सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा देगा। लंबे समय से अलग-थलग पड़े इलाकों को मुख्यधारा से जोड़ने में यह परियोजना मील का पत्थर साबित हो सकती है। कोसी क्षेत्र की पहचान लंबे समय तक बाढ़ और कटाव की चुनौतियों से जुड़ी रही है, लेकिन अब यही क्षेत्र आधुनिक बुनियादी ढांचे के जरिए विकास की नई इबारत लिखने की ओर बढ़ रहा है। उम्मीद है कि कोसी मेगा ब्रिज के पूरा होने के बाद बिहार के इस हिस्से की तस्वीर और तकदीर दोनों बदलेंगी।


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रमण कुमार की रिपोर्ट
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