Sudivya Kumar Sonu Tribute, रांची: झारखंड सरकार के दिवंगत मंत्री एवं वरिष्ठ नेता सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक का माहौल है। इसी क्रम में पासवा के नेतृत्व में कांग्रेस, झारखंड मुक्ति मोर्चा और राष्ट्रीय जनता दल के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने रांची में शोक सभा आयोजित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। बरियातू स्थित डॉ. रामेश्वर उरांव के आवास पर आयोजित शोक सभा में सुदिव्य कुमार सोनू के चित्र पर माल्यार्पण किया गया। उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। इस दौरान नेताओं ने सुदिव्य कुमार सोनू के राजनीतिक जीवन, जनसरोकार और मंत्री के रूप में उनके योगदान को याद किया।
डॉ. रामेश्वर उरांव बोले- राज्य को अभी उनकी जरूरत थी
शोक सभा की अध्यक्षता करते हुए डॉ. रामेश्वर उरांव ने सुदिव्य कुमार सोनू के असामयिक निधन को बेहद दुखद बताया। उन्होंने कहा कि विधायक रहते हुए सुदिव्य कुमार सोनू विधानसभा में तार्किक और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखते थे। वे जनहित के मुद्दों को गंभीरता से उठाते थे और अपनी स्पष्ट सोच के लिए जाने जाते थे। डॉ. रामेश्वर उरांव ने कहा कि मंत्री बनने के बाद भी सुदिव्य कुमार सोनू ने अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन किया। उनके अनुसार, राज्य को अभी उनकी जरूरत थी और सरकार में भी उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने उनके निधन को झारखंड के लिए अपूरणीय क्षति बताया।
आलोक कुमार दूबे ने उच्च शिक्षा और पर्यटन में योगदान को किया याद
पासवा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह प्रदेश कांग्रेस महासचिव आलोक कुमार दूबे ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का निधन झारखंड के लिए बड़ी क्षति है। उन्होंने बताया कि 6 जुलाई को खेलगांव में आयोजित छात्र प्रतिभा सम्मान समारोह में सुदिव्य कुमार सोनू शामिल हुए थे और विद्यार्थियों की बड़ी भागीदारी को देखकर प्रसन्नता व्यक्त की थी। आलोक कुमार दूबे ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू के पास उच्च शिक्षा और पर्यटन जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी थी। उन्होंने अपनी कार्यशैली और क्षमता के माध्यम से इन क्षेत्रों में महत्वपूर्ण फैसलों को दिशा देने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि उनके असमय निधन पर अभी भी विश्वास करना कठिन है।
सहज और संवेदनशील नेता के रूप में किया गया याद
वरिष्ठ झामुमो नेता अंतु तिर्की ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू एक सहज, संवेदनशील और जनसरोकार से जुड़े नेता थे। उन्होंने संगठन और सरकार में अपनी जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा के साथ निर्वहन किया। उनके निधन से झामुमो सहित पूरे राजनीतिक और सामाजिक जगत को गहरा आघात पहुंचा है। राजद के प्रदेश प्रवक्ता मनोज कुमार ने भी उनके निधन को गठबंधन परिवार के लिए बड़ी क्षति बताया। उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू अपनी स्पष्ट सोच, सहज व्यवहार और जनहित के मुद्दों के प्रति गंभीरता के लिए जाने जाते थे।
जनहित को हमेशा दी प्राथमिकता
लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में हमेशा जनहित को प्राथमिकता दी। विधायक से लेकर मंत्री बनने तक उन्होंने अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन किया। उनके विचार और लोगों से जुड़ाव लंबे समय तक याद किए जाएंगे। प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष डॉ. राजेश गुप्ता ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का व्यक्तित्व बहुआयामी था। वे गंभीर विषयों पर अपनी स्पष्ट राय रखते थे और जनहित के मुद्दों को मजबूती से उठाते थे। उन्होंने कहा कि उनका निधन झारखंड के राजनीतिक और सामाजिक जीवन में एक बड़ी रिक्तता छोड़ गया है।
शोक सभा में बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता हुए शामिल
शोक सभा में सुश्री फलक फातिमा, कुमुद रंजन, डॉ. सुषमा केरकेट्टा, ऐश्वर्या सिंह, ऋचा, अंकिता सिंह, अनुभव शंकर, ऋषु राज, अंजली कुमारी, स्वाति कुमारी, बुलबुल कुमारी, विक्रांत सहाय, आरजू शबा और अजहर सहित कांग्रेस, झामुमो एवं राजद के कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी उपस्थित लोगों ने सुदिव्य कुमार सोनू के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। शोक सभा में नेताओं ने एक स्वर में कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू के जनहित से जुड़े कार्य और उनका सहज व्यक्तित्व लंबे समय तक लोगों की स्मृतियों में बना रहेगा।



















