पटना सिटी : पटना सिटी क्षेत्र के आलमगंज थाना अंतर्गत 23 जून को हुए अरुण कुमार युवक की हत्या के आरोप में दिव्यम सुंदरम बाबा की गिरफ्तारी के बाद आज स्थानीय एवं वार्ड पार्षद परिजन ने प्रेसवार्ता की। पूर्व वार्ड पार्षद विनोद गुप्ता एवं प्रमोद गुप्ता एवं दिव्यम सुंदरम की पत्नी एवं उनकी माता ने प्रशासन की कार्य शैली पर अप्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा कि जिस तरह हमारे पति को प्रशासन ने धोखे से घर से बुलाया अब वह थाने पर खुद स्वयं गए थे।
आलमगंज थाना के अधिकारियों ने कहा कि आपसे कुछ वार्ता करनी है। पहले भी प्रशासन उनको बुलाया करती थी तो वह जाते थे। सामाजिक कार्य करते थे, सभी के दिल में रहते थे। सभी के लिए काम करते थे। पूरे क्षेत्र में तहकीकात कर लिया जाए तो दिव्यम सुंदरम ने सभी के भलाई के लिए काम किया है। वहीं अरुण कुमार की हत्या पर दिव्यम सुंदरम की पत्नी ने कहा कि वह तो हमारे परिवार का सदस्य था, जिसे हम लोग ने ही यहां लाकर बसाया था। उसकी हत्या होने से काफी दुख हुआ है। इसकी जांच हम सीबीआई से मांग करते हैं। सीबीआई जांच कर लें, दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा।
वहीं दिव्यम सुंदरम की माता ने भी कहा कि किसी के इशारे पर इस तरह का हरकत किया गया है। इसमें हमारे पुत्र को बुरी तरह जानबूझकर फंसाया गया है। वह यहां थे भी नहीं वह चार धाम की यात्रा पर गए थे। शूटर से वार्ता कब की। दूसरी बात शूटर को काफी तरजीह ही दिया गया। जैसे लग रहा था कि खास मेहमान हो। उन्हें शक्ति से पूछताछ नहीं किया गया। शूटर जो बोलता रहा यह लोग बयान लिखते रहे। उसी के आधार पर हमारे पुत्र को गिरफ्तार कर लिया गया। जबकि प्रशासन की ओर से कोई तहकीकात और जांच नहीं की गई। जैसे लग रहा था कि शूटर केस का पूरा फाइल वहीं देखेगा। बतलाया जाता है कि शूटर ने बयान दिया है कि 13 से लेकर 16 तारीख तक का पड़ोसन में ही ब्लॉक कर दिव्यम सुंदरम ने मुझसे बात किया था। जबकि दिव्यम सुंदरम चार धाम के यात्रा पर लगातार थे। अपने अन्य कई सहयोगियों के साथ चार धाम की यात्रा पर थे। अब 20 जून को 12 बजे रात में पटना वह पहुंचे थे। तब शूटर से कैसे बात हो गई।
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परिवारवालों का कहना है कि प्रशासन ने कॉरपोरेशन का सीसीटीवी फुटेज खंगाल क्यों नहीं खंगाल रही है। दिव्यम सुंदरम के लोकेशन की तहकीकात क्यों नहीं की गई। जबकि उनके फेसबुक पर भी ज्ञात है कि वह चार धाम की यात्रा पर घूम रहे हैं। वहीं स्थानीय लोग भी काफी संख्या में प्रेसवार्ता में पहुंचे हुए थे। सैकड़ों लोगों ने कहा कि दिव्यम सुंदरम को फंसाया गया है। प्रशासन की कार्यशैली पर उंगली उठा रहे हैं। लोगों का कहना है कि सीबीआई की जांच की जाए और हमलोग आगे तक लड़ाई लड़ेंगे। जबतक इंसाफ नहीं मिलेगा तबकक हम लग धरना और अनशन प्रदर्शन भी करेंगे। उच्च अधिकारी के यहां भी जाएंगे। वहीं परिवारजन और वार्ड पार्षदों ने कहा कि सीबीआई की जांच होनी चाहिए। कोई निर्दोष जेल नहीं जाए, दोषी बच नहीं पाए। इस बात को लेकर दिव्यम सुंदरम की पत्नी माता ने भी यही बात दोहराई। परिवार वालों का कहना है कि जानबुझ कर हमारे बेटे और पति को फंसाया जा रहा है।
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उमेश चौबे की रिपोर्ट


