लोकसभा में कांग्रेस पर खुब बरसे गृहमंत्री अमित शाह, समझ पर चुटकी लेते हुये कहा – ऐसी कोई सुई नहीं जिसे देकर इनकी बुद्धि बढ़ाई जा सके !

लोकसभा में कांग्रेस पर खुब बरसे गृहमंत्री अमित शाह, समझ पर चुटकी लेते हुये कहा – ऐसी कोई सुई नहीं जिसे देकर इनकी बुद्धि बढ़ाई जा सके!

22 Scope News Desk :  संसद में विपक्ष के सवाल पर जबाब देते गृहमंत्री अमित साह ने विपक्ष को जमकर धोया और उनके हरेक सवाल का क्रमवार जबाब देते हुये कहा कि ये लोग चुनाव आयोग पर सवाल उठाते है जबकि मुख्य चुनाव आयुक्त के अलावा तीन सदस्यीय दल की नियुक्ति का कानून जब बना उससे पहले इनकी मनमर्जी ने चुनाव आयुक्त बनते थे। इससे पहले कोई कानून ही नहीं था।

शाह ने कहा विपक्ष चुनाव आयोग पर आरोप कैसे लगा सकता है। उन्होंने कहा कि 2023 में अनुप वर्णवाल बनाम भारत सरकार केस में कहा गाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति हो। जबकि इनके द्वारा नवीन चावला को मुख्य चुनाव आयुक्त बनाया था जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आपातकाल के समय उनकी कारगुजारी के लिये गंभीर टिपण्णी की थी।

सीसीटीवी फूटेज की 45 दिनों तक ही सहेज कर रखने का सवाल

गृहमंत्री ने सीसीटीवी फूटेज की 45 दिनों तक ही सहेज कर रखने के सवाल का जबाब देते हुये कहा कि
जनप्रतिनिधित्व कानून 1981 के तहत प्रत्याशी के चुने जाने के 45 दिन तक ही आप इस पर सवाल उठा सकते हैं।
समझ का कोई इंजेक्शन नहीं होता जिसे देकर तुरंत की ज्ञान बढ़ा दिया जाय। अमित शाह ने चुटकी लेते हुये कहा कि इनके भाषण लिखने वाले भी तथ्यों की ज्यादा खोजबीन नही करते है।

सीसीटीवी आंतरिक प्रबंधन के लिये है। जिसमें आम जन या राजनीतिक दल 45 दिनों के अंदर देख सकते हैं और विवाद की स्थिति में चुनाव आयोग को उपलब्ध कराया जाता है या कोर्ट के माध्यम से भी उपलब्ध कराया जाता है।

विपक्ष की हार का गिनाया कारण 

अमित शाह ने विपक्ष को हार का कारण बताया और कहा राम मंदिर का विरोध, तीन तलाक बिल को लागू करना, धारा 370 हटाने का विरोध किया, सर्जिकल स्ट्राईक का विरोध .. आदि ये सब आपकी हार कारण है।

SIR पर कहा एनडीए की नीति डिटेक्ट, डिलीट और डिपोर्ट

अमित साह ने विपक्ष पर हमला करते हुये कहा कि NDA की नीति है डिटेक्ट, डिलीट, डिपोर्ट लेकिन ये भी घुसपैठियों के लिये है। जबकि अनका उद्देश्य अवैध घुसपैठियों को संरक्षण देना और वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करना है।
अमित साह ने चुटकी लेते हुये कहा कि हमने इनके परिवार पर चर्चा की इंदिरा, जवाहर लाल, राजीव गांधी का नाम लिया तब ये लोग विरोध नही किये लेकिन SIR के सवाल पर इन्होंने विरोध जताया है। इसको समझने की जरूरत है। आखिर SIR का विरोध क्यों। गृहमंत्री ने कहा हद तो यह है सभी राज्यों में SIR प्रक्रिया लगभग खत्म हो चुकी है लेकिन परेशानी सिर्फ ममता दीदी को है,आखिर क्यों ?

ये भी पढ़े :  उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री का एलान समय सीमा के अंदर पूरा होगा दाखिल–खारिज और परिमार्जन कार्य, लापरवाह राजस्व कर्मियों पर कसेगा नकेल

Saffrn

Trending News

Social Media

167,000FansLike
28,100FollowersFollow
628FollowersFollow
685,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img