Jharia News: झरिया में लोगों को खूब भा रहा है गया का तिलकुट, बाजार में आया शुगर-फ्री तिलकुट

Jharia News: हिंदुओं का प्रसिद्ध त्योहार मकर संक्रांति (Makar Sankranti 2026) में अभी कुछ दिन शेष हैं. झरिया का तिलकुट बाजार गुलजार हो गया है. दुकानों में कारीगर पूरे दिन तिलकुट और तिल के लड्डू तैयार करने में जुटे हैं. मकर संक्रांति के दिन माल कम न पड़ जाए, इसलिए पर्याप्त स्टॉक तैयार किया जा रहा है. लोगों ने खरीदारी भी शुरू कर दी है. तिलकुट की सोंधी महक वातावरण में मिठास घोल रही है. झरिया का तिलकुट पूरे झारखंड सहित बिहार और पश्चिम बंगाल में प्रसिद्ध है. वैसे तो यहां के बाजारों में साल भर तिलकुट की ब्रिकी होती है, लेकिन ठंड के मौसम में मांग बढ़ जाती है. झरिया बाजार और आसपास के घरों में धम-धम की आवाज गूंजने लगती है.

यह किसी फैक्ट्री या मशीनों की आवाज नहीं बल्कि हाथ से तिलकुट कूटने की आवाज होती है. तिलकुट को मकर संक्रांति का प्रमुख मिष्ठान माना गया है. इस दिन तिलकुट खाने का धार्मिक महत्व है. झरिया शहर का मुख्य बाजार गांधी रोड, गोलघर गली व मेन रोड में तिलकुट की दुकानें सज गई हैं. लोग अभी से ही तिलकुट की खरीदारी करने लगे हैं. वैसे तो झरिया शहर में तिलकुट कई जगहों पर बनाया जाता है, लेकिन दुर्गा ब्रांड तिलकुट यहां पसंद किया जाता है. यहां तैयार तिलकुट की झारखंड समेत बिहार और बंगाल के प्रमुख शहरों में सप्लाई होती है. दुर्गा ब्रांड तिलकुट के कारोबारी रंजीत गुप्ता बताते हैं कि वह पिछले 55 वर्षों से तिलकुट बनाने का कार्य कर रहे हैं. माल तैयार करने का काम नवंबर से शुरू हो जाता है.

Jharia News: बिहार के 20-25 कारीगर तैयार कर रहे तिलकुट: रंजीत गुप्ता

रंजीत गुप्ता ने बताया कि मकर संक्रांति को देखते हुए माल तैयार करने के लिए वह हर साल बिहार के गया से कारीगरों को बुलाते हैं. इस बार 20 से 25 कारीगर सुबह से रात तक रोजाना करीब 10 घंटे तिलकुट बनाने के कार्य पर लगे हुए हैं. प्रतिदिन 250 से 300 किलो तिलकुट तैयार हो रहा है. चीनी, गुड़, ड्राई फ्रूट्स व खोवा समेत अन्य तरह के तिलकूट की डिमांड व्यपारियों द्वारा की जाती है. इस बार शुगर फ्री तिलकुट व गुड़ से बने तिलकूट की ज्यादा डिमांड है. खोवा व सफेद तिल व गुड़ के तिलकुट व गजक ज्यादा पसंद किया जा रहा है. शुगर फ्री तिलकुट की खासियत यह है कि इसे चीनी की अपेक्षा तिल को ज्यादा मात्रा में मिलाकर तैयार किया जाता है. यह स्वास्थ्य के लिए भी काफी फायदेमंद होता है. तिलकुट खाने से कब्जियत की शिकायत दूर होती है. ये शुगर फ्री तिलकुट झरिया के  बाजार में पहली बार आया है. हालांकि, इससे पहले खोए वाला, नॉर्मल तिलकुट, बिक रहे थे.

Ramgarh News: मांडू सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति खराब, मरीज कर रहे हैं इलाज का इंतजार

Jharia News: जहानाबाद का तिलकुट लोगों खूब आ रहा पसंद: सुरेश गुप्ता

सुरेश गुप्ता बताते हैं पिछले 70 वर्षों से तिलकुट बनाने का कार्य रहे हैं. इस दुकान की खासियत यह है कि यहां बिहार के जहानाबाद से आए कुशल कारीगरों द्वारा तिलकुट तैयार किया जा रहा है. मकर संक्रांति को देखते हुए जहानाबाद से अनुभवी कारीगरों को बुलाया गया है, जो पूरी शुद्धता और पारंपरिक तरीके से तिलकुट तैयार कर रहे हैं. जहानाबाद का तिलकुट लोगों को खूब पसंद आ रहा है. बिहार, झारखंड और अन्य क्षेत्रों में इसकी अच्छी मांग है.

Saffrn

Trending News

Corrugated Boxes Supplier in Jharkhand & West Bengal | Aarisha Packaging Solutions

Social Media

180,000FansLike
28,100FollowersFollow
628FollowersFollow
688,500SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img