PM Modi ने लोकसभा में कहा – 10 सालों में 25 करोड़ लोग गरीबी से उबरे

डिजिटल डेस्क : PM Modi ने लोकसभा में कहा – 10 सालों में 25 करोड़ लोग गरीबी से उबरे। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में हिस्सा लेते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गरीबी समेत तमाम मुद्दों पर प्रतिपक्षी दलों और उनके नेताओं पर खुलकर सियासी वार किया।

PM Modi ने कहा कि – ‘…21वीं सदी का 25 फीसदी हिस्सा बीत चुका है। राष्ट्रपति ने देश के सामने भविष्य के 25 साल की बात रखी। एक प्रकार से आदरणीय राष्ट्रपति जी का ये उद्बोधन विकसित भारत के संकल्प को मजबूती देने वाला है, नया विश्वास पैदा करने वाला है और जन-सामान्य को प्रेरित करने वाला है। पिछले 10 साल में 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले।’

PM Modi बोले – पांच दशक सुना गरीबी हटाओ का नारा…

इसी क्रम में PM Modi ने आगे कहा कि – ‘…मैं आज जनता जर्नादन का आभार व्यक्त करना चाहता हूं। सदन में जिन लोगों ने भी इस चर्चा में हिस्सा लिया, मैं उन सभी का आभार व्यक्त करना चाहता हूं। सदन में सकारात्मक और नकारात्मक दोनों तरह की बातें हुईं।

…हम लोगों ने पांच-पांच दशक तक गरीबी हटाओ के नारे सुने। हमने गरीब को झूठे नारे नहीं दिए, सच्चा विकास दिया। हम जमीन से जुड़कर काम करते हैं, तो बदलाव होते ही हैं। अब तक गरीबों को चार करोड़ घर मिले हैं, जिन लोगों ने वो जिंदगी जी है वो जानते हैं कि पक्की छत मिलने का क्या मतलब होता है।

…आजादी के 75 साल के बाद देश में 16 करोड़ से ज्यादा घरों में नल का कनेक्शन नहीं था। हमारी सरकार ने 5 साल में 12 करोड़ परिवारों के घरों में नल-से-जल देने का काम किया है। हमने जनधन, आधार, मोबाइल की जेएएम ट्रिनिटी बनाई और डायरेक्ट ट्रांसफर करना शुरू किया।

हमारे कार्यकाल में हमने 40 लाख करोड़ रुपया सीधा जनता-जनार्दन के खाते में जमा किया। …हमने 12 लाख तक की आय पर कोई भी टैक्स न लगाने का फैसला किया।’

पीएम मोदी की फाइल फोटो।
पीएम मोदी की फाइल फोटो।

PM Modi ने राहुल-केजरीवाल पर रोचक अंदाज में साधा सियासी निशाना

बिना नाम लिए राहुल गांधी और अरविंद केजरीवाल पर सीधा निशाना साधते हुए PM Modi बड़े ही रोचक अंदाज में संबोधन दिया। PM Modi ने कहा कि -‘…जो लोग गरीबों की झोपड़ियों में फोटो सेशन कराकर सुर्खियां बटोरते हैं, उन्हें संसद में गरीबों की बात बोरिंग ही लगेगी। समस्या की पहचान करके छूट नहीं सकते, समस्या का समाधान भी करना होता है। हमारा प्रयास समस्या के समाधान का रहता है और हम समर्पित भाव से प्रयास करते हैं।

…कुछ लोगों का फोकस आलीशान घरों में जकूजी और शॉवर पर है। कुछ नेताओं का फोकस अपने घर के स्टाइलिश बाथरूम पर है। हमारा फोकस तो हर घर नल से जल पहुंचाने पर है। 12 करोड़ लोगों को नल से जल दिया, हमारा फोकस गरीबों के घर बनाने पर है।

…जब ज्यादा बुखार हो जाता है, तो वे कुछ भी बोलते हैं और ज्यादा हताशा में भी। 10 करोड़ लोग जिनका भारत में जन्म भी नहीं हुआ, वे तमाम योजनाओं का फायदा ले रहे थे, हमने उनको हटाया और असली लाभार्थियों को खोज-खोज के लाभ पहुंचाने का अभियान चलाया।

…हिसाब लगाएं तो 3 लाख करोड़ रुपये गलत हाथों में जाने से बच गया।  हमारे स्वच्छता अभियान का मजाक उड़ाया जाता था, न जाने क्या-क्या कहा जाता था। इस अभियान के तहत कबाड़ बेचकर दो हजार 300 करोड़ रुपये सरकार के खजाने में आया है। 

…लेकिन पहले अखबारों की हैडिंग होती थी। इतने लाख के घोटाले, 10 साल हो गए ये घोटाले न होने से भी लाखों करोड़ रुपए बचे हैं। जो जनता की सेवा में लगे।’

पीएम मोदी के संबोधन की फाइल फोटो
पीएम मोदी के संबोधन की फाइल फोटो

हंगामे के बीच लोकसभा में गरजे PM Modi – हमने देश बनाने में किया पैसों का इस्तेमाल…

हंगामे के बीच अपना संबोधन जारी रखते हुए प्रतिलपक्षी दलों पर PM Modi खूब गरजे। PM Modi ने कहा कि – ‘…हमने पैसों का इस्तेमाल शीशमहल बनाने में नहीं किया, देश बनाने में किया है। इन्फ्रास्ट्रक्चर का बजट 1.80 लाख करोड़ था। आज 11 लाख करोड़ रुपया बजट है। सरकारी खजाने में बचत हुई वो तो एक बात है, हमने इस बात पर भी ध्यान रखा कि जन सामान्य को भी बचत का लाभ मिलना चाहिए।

…आपने देखा होगा कि आयुष्मान भारत योजना, बीमारी के कारण आम आदमी को होने वाला खर्च करीब देश में एक लाख 20 हजार करोड़ रुपए जनता के बचे हैं। जनऔषधि केंद्र में 80 फीसदी डिसकाउंट होता है। जनता के 30 हजार करोड़ रुपए बचे हैं। यूनिसेफ का भी अनुमान है कि जिसके घर में शौचालय बना, उस परिवार को करीब करीब 70 हजार की बचत हुई है।

…डब्ल्यूएचओ का कहना है कि नल से शुद्ध जल मिलने के कारण उन परिवारों में औसतन 40 हजार प्रति परिवार बचा है। ऐसी अनेक योजनाएं हैं जिन्होंने सामान्य आदमी के खर्च में बचत की है, करोड़ों देशवासियों को मुफ्त अनाज से भी परिवार के हजारों रुपये बचते हैं।

…2014 के पहले ऐसे बमगोले फेंके गए कि देशवासियों का जीवन छलनी कर दिया गया था, हम धीरे-धीरे उन घावों को भरते आगे बढ़े।

2014 के पहले सिर्फ दो लाख रुपये पर इनकम टैक्स से माफी थी, हमने 12 लाख तक की आय करमुक्त कर दी है। 12 लाख की आय पर टैक्स न लगाने की बात इतनी फैली की लोगों का अन्य फैसलों पर ध्यान नहीं गया। ..मैं बता दूं कि सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए, हमने न्यूक्लियर सेक्टर को खोल दिया है।’

 

Trending News

Social Media

157,000FansLike
27,200FollowersFollow
628FollowersFollow
679,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img