RANCHI : विधानसभा से पारित झारखंड राज्य कृषि उपज एवं पशुधन विपणन विधेयक 2022 को राज्यपाल के मंजूरी दिये जाने बाद से व्यापारियों ने इसका विरोध शुरू कर दिया है. इस विधेयक के विरोध में राज्य के सभी जिलों के खाद्यान्न व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान को बंद रखा है. इससे पहले इस विधेयक को लेकर राज्य भर के व्यापारियों ने काला बिल्ला लगाकर विरोध जताया था.

कृषि उपज: चुपके से इस विधेयक को लाया गया – चेम्बर
फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स के महासचिव
अभिषेक रामाधीन ने कहा कि पिछले वर्ष भी इस विधेयक को
लाया गया था लेकिन विरोध के बाद इस विधेयक को वापस ले लिया गया था.
लेकिन एक बार फिर से उसी विधेयक को चुपचाप फिर से लाया गया है.
उन्होंने इस विधेयक को उपभोक्ता, किसान और व्यापारी विरोधी बताया है.
- मुख्य सचिव की अध्यक्षता में CMG की छठी उच्च स्तरीय बैठक संपन्न, बिहार के 20 जिले हुए गैसयुक्त
- औद्योगिक विकास को गति देने हेतु मंत्री ने की विभागीय समीक्षा बैठक
- बिहार अग्निशमन सेवा के जवान प्रदेशवासियों को पूर्ण रूप से सुरक्षित रखने में अपना अहम योगदान देते रहें – मुख्यमंत्री
Highlights







