रांची. रांची पुलिस ने सब इंस्पेक्टर अनुपम कच्छप हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। साथ ही इनके पास से एक पिस्तौल, दो जिंदा कारतूस एवं घटना में प्रयुक्त बोलेरो और पिकअप वाहन को बरामद किया है। गिरफ्तार आरोपियों में रामगढ़ जिले के मनोहर कुमार सिंह उर्फ भोला सिंह, लोहरदगा के संजय सिंह, रांची के गौतम यादव, पलामू के सुग्रीम सिंह और रांची के अभिषेक महतो शामिल हैं।
सब इंस्पेक्टर अनुपम कच्छप हत्याकांड का खुलासा
घटना को लेकर पुलिस ने बताया कि 02/03.08.2024 की रात्रि कांके थानान्तर्गत रिंग रोड में इंडिया होटल से मोटरसाइकिल पर सवार होकर नेवरी की ओर जाने के क्रम में संग्रामपुर गांव के पास त्रिदेव होटल से 200 मीटर की दूरी पर अज्ञात अपराधकर्मियों सब इंस्पेक्टर अनुपम कुमार कच्छप, विशेष शाखा, रांची की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के संदर्भ में मृतक की भाभी वादिनी रोमा तिर्की ने कोकर थाना में लिखित आवेदन दर्ज कराया था। इसके बाद पुलिस ने अज्ञात अपराधकर्मियों के विरूद्ध कांड दर्ज करते हुए अनुसंधान प्रारंभ किया था। घटना की गम्भीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के दिशा-निर्देश में पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण के नेतृत्व में एक SIT का गठन किया।
प्रारंभिक अनुसंधान के दौरान FSL की टीम के द्वारा घटनास्थल की फोटोग्राफी, विडियोग्राफी एवं साक्ष्य संकलन किया गया। मृतक के साथ बर्थ डे पार्टी में शामिल में संदिग्ध पवन सुदीप तोपनो, रोनाल्ड अंकित टेटे, इनोसेंट टेट, नितेष खलखो, रोहित तिर्की उर्फ जागो, हेलारियुस मिंज, निष्चल खलखो, एमानुएल हेम्ब्रम, रोहित राज कुजूर से गहनापूर्वक पूछताछ की गयी, परन्तु सुसंगत साक्ष्य प्राप्त नहीं हो सका।
पुलिस ने बताया कि पूर्व में मृतक द्वारा उत्पाद विभाग के अन्तर्गत हजारीबाग जिला में तथा विशेष शाखा में कार्यरत रहने के दौरान अवैध शराब कारोबारी के विरूद्ध विधि सम्मत कार्रवाई और छापामारी करने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा किया गया था, जिस संदर्भ में अवैध शराब कारोबारी की भूमिका पर साक्ष्य संकलन करने का प्रयास किया गया था। इसके अतिरिक्त जिले के विभिन्न थानों में हत्या, लूट, डकैती, शस्त्र अधिनियम के संगठित गिरोह के आरोप-पत्रित अपराधकर्मियों की भूमिका के संबंध में भी गहनतापूर्वक अनुसंधान किया गया था, परन्तु सुसंगत साक्ष्य प्राप्त नहीं हो सका।
पुलिस ने आगे बताया कि अग्रतर अनुसंधान के दौरान रिंग रोड रात्रि के अंधेरे में पेट्रोल टंकी, होटल ढावा एवं सुनसान स्थलों पर खड़े भारी वाहनों से रात्रि के अंधेरा का लाभ उठाकर डीजल चोरी करने से संबंधित घटना आलोच्य कांड प्रतिवेदित होने के बाद पूर्णतः बंद होने की आसूचना प्राप्त हुई। फलस्वरूप डीजल चोर के संगठित अपराधिक गिरोह के द्वारा हत्या की घटना को अंजाम देने की प्रबल संभावना के आधार पर पूर्व में घटित डीजल चोरी करने वाले गिरोह एवं आरोप-पत्रित अभियुक्तों का सत्यापन करने का कार्य प्रारंभ किया गया।
ऐसे हुई थी सब इंस्पेक्टर अनुपम कच्छप की हत्या
गठित SIT टीम के द्वारा कांड का गहन अनुसंधान एवं आसूचना संकलन करते हुए डीजल चोरी के आरोप पत्रित अपराधकर्मियों एवं उक्त गिरोह में शामिल सदस्यों का सत्यापन करते हुए पूछताछ की गयी। सत्यापन के कम में प्राप्त साक्ष्य के आधार पर आरोपी संजय सिंह पिता शंकर सिंह, ग्राम झखराटांड, थाना रातू, जिला रांची को गिरफ्तार किया गया। अभियुक्त संजय सिंह द्वारा अपने स्वीकारोक्ति बयान में बताया गया कि डीजल चोरी गिरोह सदस्य भोला सिंह, सुग्रीव सिंह, गौतम, राजेष महतो उर्फ विनोद, संतोष गुझू, गोविन्द महतो बोलरो पिकअप वाहन के साथ डीजल चोरी करने के लिए दिनांक-02.08.2024 की रात्रि अमर होटल, संग्रामपुर, कांके के ऑपोजिट खड़े एक ट्रक एवं टैंकर के पास आये।
संजय सिंह के साथ सुग्रीव सिंह एवं गोविन्द महतो उक्त गाड़ी से 03 डब्बा डीजल चोरी कर लेकर आये और सुग्रीम सिंह पुनः डीजल लाने के लिए खड़ा टैंकर के पास गया तो इसी बीच बरसाती (Raincoat) पहना हुआ एक व्यक्ति (मृतक) कांके से बीआईटी की तरफ अपनी मोटरसाइकिल से जा रहे थे तथा इनलोगों को देखकर रूक गये और डीजल चोरी करने की बात कहते हुए चोर-चोर की आवाज लगाने लगे, जिससे उनका डीजल चोरी के अपराधियों से संघर्ष हो गया।
इसी दौरान इस बात कि सूचना रेकी कर रहे अन्य अपराधियों को हुई कि एक व्यक्ति जो अपने आपको पुलिस पदाधिकारी बता रहा है, उसने हमलोगों को डीजल चोरी करते हुए देख लिया है। इनलोगों को डीजल चोरी गैंग का भंडाफोड़ होने की आशंका होने लगी तो डीजल चोरी गिरोह के संजय सिंह, भोला सिंह एवं राजेश महतो उर्फ बिनोद तीनों ने मिलकर सब इंस्पेक्टर को पकड़ लिया तथा तीनों अपराधकर्मी अपने-अपने हथियार को अनुपम कच्छप के शरीर में सटाकर चार गोली मार दी, जिससे अनुपम कच्छप की घटनास्थल पर ही मौत हो गयी।
सब इंस्पेक्टर अनुपम कच्छप हत्याकांड में ये गिरफ्तार
इसके बाद इनलोगों ने पिकअप भैन में अन्य साथी के साथ रिंग रोड में बी०आई०टी०, नेवरी की भाग गये और वहीं खड़े ट्रक से 04 गैलन डीजल चोरी किये उसे बाद सुकुरहुटूरिंग रोड के पास अभिषेक महतो के दुकान में बेच दिये। उसके बाद इनलोगों को पता चला कि बीते रात्रि में इनलोगों के द्वारा गोली मार कर जिस व्यक्ति की हत्या की गई थी, वह एक पुलिस पदाधिकारी है, पुलिस की बढ़ती दबिश को देखकर इनलोगों का गिरोह के लोगो यत्र-तत्र छिप गये। इसी बीच दिनांक 10.11.2024 को पुलिस को अहम सुराग मिलने पर संजय सिंह एवं सुग्रीम सिंह को पकड़ लिया गया। इनदोनों के निशानदेही में इस घटना में संलिप्त अन्य तीन क्रमशः मनोहर सिंह उर्फ भोला सिंह, गौतम यादव एवं अभिषेक महतो की गिरफ्तारी की गई है। छापामारी के क्रम में भोला सिंह के पास से घटना में प्रयुक्त 01 पिस्तौल व 02 जिन्दा गोली तथा घटना में प्रयुक्त बोलेरो पिकअप वाहन को बरामद किया गया।


















