पटना : डोरंडा कोषागार के मामले में लालू यादव को दोषी करार दिया गया है. न्यायपालिका के फैसले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि लालू प्रसाद पहले से सजायाफ्ता हैं फिर दोषी करार देना स्वाभाविक प्रक्रिया है. लालू प्रसाद के राजनैतिक जीवन में 1997 से भ्रष्टाचार के मामले में जेल में रहने का अनुभव रहा है. अबतक सात बार जेल यात्रा कर चुके हैं.
जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि न्यायपालिका के फैसले से यह पुष्टि होता है कि परिवारवाद और परिवार के लिए अनैतिक रूप से धन संग्रह करना अपराध है. साथ ही एक तरफ दलित, पिछड़ा, अल्पसंख्यक का नारा लगाकर ढोंग रचने वाले केवल और केवल अपने परिवार के लिए जीते हैं. जमानत और दोषी करार होना यह आपके राजनैतिक जन्मपत्री का जनता के लिए शुभ-ग्रह और व्यक्तिगत रूप से लालू प्रसाद के लिए अशुभ-ग्रह है.
उन्होंने कहा कि लालू प्रसाद के भ्रष्टाचार के लिए न्यायालय का यह अंतिम फैसला नहीं है, बल्कि पशु पालन से भी बड़ा लगभग 25 हजार करोड़ का आईआरसीटीसी घोटाला जिसमें तेजस्वी यादव और राबड़ी देवी भी अभियुक्त हैं, जिसमें चार्जसीट हो चुका है. इस मामले में भी न्यायपालिका का आनेवाला फैसला प्रतिक्षा सूची में है.
कोर्ट के फैसले का सम्मान करे लोग- अभिषेक झा
वहीं जेडीयू प्रवक्ता अभिषेक झा ने कहा कि आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को डोरंडा कोषागार मामले में आज सीबीआई कोर्ट ने उन्हें दोषी करार दे दिया है. कोर्ट के फैसले का सम्मान लोगों को करनी चाहिए. लेकिन आरजेडी के जो समर्थक हैं वह कोर्ट के फैसले पर सवाल खड़ा कर रहे हैं जो ठीक नहीं है.
कोर्ट का फैसला का स्वागत- कांग्रेस विधायक
डोरंडा ट्रेजरी चारा घोटाले मामले में लालू प्रसाद यादव को सीबीआई कोर्ट ने दोषी करार दिया है. इस पर कांग्रेस विधायक अजीत शर्मा ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि कोर्ट का फैसला का स्वागत है. लेकिन कहीं ना कहीं लालू प्रसाद यादव को फंसाया भी जा रहा है. हालांकि कोर्ट का मामला है. कोर्ट पर हम कोई टिप्पणी नहीं करेंगे. लेकिन लालू प्रसाद यादव को सुप्रीम कोर्ट भी जाना चाहिए.
चर्चित चारा घोटाले के डोरंडा ट्रेजरी मामले पर राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को सीबीआई कोर्ट ने दोषी करार दिया है. इस मामले में 99 आरोपी में से 24 आरोपियों को गवाह के अभाव में कोर्ट ने बरी कर दिया. वहीं 36 आरोपियों को तीन साल की सजा कोर्ट ने सुनाई है. सीबीआई की स्पेशल कोर्ट के जज सुधांशु कुमार शाही की अदालत ने फैसला सुनाया. डोरंडा कोषागार मामले में लालू यादव को 21 फरवरी को अदालत सजा सुनाएगी. लालू यादव को वीडियो कांफ्रेंसी के जरिए सजा सुनाई जाएगी.

















