जेपीएससी FSO और CDPO रिजल्ट दो साल से लंबित होने पर छात्रों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। अभ्यर्थियों ने परिणाम जारी करने और देरी पर जवाबदेही की मांग की।
JPSC FSO-CDPO Result Protest रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) द्वारा आयोजित फूड सेफ्टी ऑफिसर (एफएसओ) और बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (सीडीपीओ) परीक्षा के परिणाम लगभग दो साल से जारी नहीं हुए हैं। लंबित रिजल्ट को लेकर अभ्यर्थियों के बीच गहरी नाराजगी पैदा हो गई है। इसी रोष का नतीजा रहा कि सोमवार को झारखंड स्टेट स्टूडेंट एसोसिएशन (जेएसएसए) के बैनर तले अभ्यर्थियों ने जेपीएससी कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण लेकिन बड़े पैमाने पर प्रदर्शन किया।
JPSC FSO-CDPO Result Protest
इस प्रदर्शन का नेतृत्व जेएसएसए अध्यक्ष सत्यनारायण शुक्ला ने किया। उन्होंने बताया कि राज्य के सभी 24 जिलों से अभ्यर्थी रांची पहुंचे और आयोग से लंबित परिणाम को तुरंत जारी करने की मांग की। छात्रों ने कहा कि दो साल का इंतजार केवल देरी नहीं, बल्कि आयोग की नीतिगत विफलता और पारदर्शिता की कमी का संकेत है।
Key Highlights
JPSC FSO और CDPO परीक्षा परिणाम लगभग दो साल से लंबित
24 जिलों से पहुंचे अभ्यर्थियों ने JSSC कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया
छात्रों ने देरी को आयोग की नीतिगत विफलता और पारदर्शिता की कमी बताया
अभ्यर्थियों की मांग: तत्काल परिणाम जारी हों, देरी पर रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए
आयोग से कई बार मुलाकात और ज्ञापन के बावजूद सिर्फ आश्वासन मिलने का आरोप
JPSC FSO-CDPO Result Protest
अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि वे बीते दो वर्षों में आयोग से कई बार मुलाकात कर चुके हैं। जेपीएससी सचिव से दो बार मुलाकात, कई ज्ञापन और पत्राचार के बाद भी उन्हें केवल आश्वासन मिला। छात्रों का कहना है कि हर बार यही कहा गया कि काम “आगे बढ़ रहा है”, लेकिन जमीन पर कोई प्रगति दिखाई नहीं देती।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने जोरदार नारेबाजी की और रिजल्ट में हो रही देरी को अभ्यर्थियों के भविष्य से खिलवाड़ बताया। उनका कहना था कि एफएसओ और सीडीपीओ दोनों ही महत्वपूर्ण पद हैं, और वर्षों की मेहनत के बाद भी परिणाम न आना मानसिक और आर्थिक दोनों तरह से भारी दबाव पैदा कर रहा है।
अभ्यर्थियों ने यह भी स्पष्ट कहा कि अब यह सिर्फ एक मांग का मुद्दा नहीं, बल्कि न्याय की लड़ाई है। यदि जल्द परिणाम जारी नहीं किए गए तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
अभ्यर्थियों की मुख्य मांगें
एफएसओ और सीडीपीओ परीक्षा परिणाम तत्काल जारी किए जाएं।
रिजल्ट में देरी के कारणों की आधिकारिक रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए।
जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।
मूल्यांकन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए।
भविष्य की भर्ती परीक्षाओं में तय समय-सीमा लागू की जाए।
अभ्यर्थियों ने साफ कहा कि अब आश्वासन नहीं, केवल परिणाम चाहिए। उनका कहना है कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ होना बंद हो और आयोग भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करे।


















