JPSC JSSC CID Arrest, रांची: अपराध अनुसंधान विभाग (CID) ने JPSC और JSSC-CGL प्रतियोगिता परीक्षाओं से जुड़े मामलों में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। 16 सितंबर को जारी CID की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इनमें दो गिरफ्तारियां JPSC प्रतियोगिता परीक्षा से जुड़े मामले में और दो JSSC-CGL मामले में हुई हैं। जांच एजेंसी के अनुसार, दोनों मामलों में गिरफ्तार आरोपियों पर अभ्यर्थियों को परीक्षा में कथित तौर पर अनुचित लाभ पहुंचाने से जुड़े आरोप हैं। चारों आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
JPSC मामले में ऋतिक रोशन और पंकज प्रशून गिरफ्तार
CID के मुताबिक, JPSC प्रतियोगिता परीक्षा से संबंधित CID थाना कांड संख्या 16/2026 में ऋतिक रोशन और पंकज प्रशून को गिरफ्तार किया गया है। ऋतिक रोशन की उम्र 29 वर्ष और पंकज प्रशून की उम्र 32 वर्ष बताई गई है। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, जांच के दौरान दोनों आरोपियों के संबंध पहले से गिरफ्तार आरोपी संजीत कुमार से जुड़े पाए गए। संजीत कुमार लालपुर स्थित शिवांगन की पाठशाला कोचिंग संस्थान का संचालक बताया गया है। CID का आरोप है कि संजीत कुमार के माध्यम से अभ्यर्थियों को परीक्षा में अनुचित लाभ पहुंचाने की कथित साजिश में दोनों आरोपियों की भूमिका से संबंधित कड़ियां जांच में सामने आई हैं। दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। मामले में CID आगे की जांच कर रही है।
JSSC-CGL मामले में राजेश प्रसाद और संदीप गिरफ्तार
JSSC-CGL प्रतियोगिता परीक्षा से जुड़े CID थाना कांड संख्या 01/2025 में भी दो आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। CID के अनुसार, राजेश प्रसाद यादव और संदीप कुमार को इस मामले में गिरफ्तार किया गया है। जांच एजेंसी का आरोप है कि दोनों ने JSSC-CGL के कई अभ्यर्थियों को परीक्षा में कथित तौर पर अनुचित लाभ पहुंचाने में भूमिका निभाई। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को भी न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। CID अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस मामले में कथित नेटवर्क किस तरह काम करता था और इसमें अन्य लोगों की कोई भूमिका है या नहीं।
दोनों मामलों की जांच जारी
JPSC और JSSC-CGL से जुड़े दोनों मामलों की जांच CID के स्तर पर जारी है। एजेंसी के अनुसार, जांच के दौरान साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और मामलों से जुड़े विभिन्न लोगों के बीच संभावित कड़ियों की पड़ताल की जा रही है। चार नई गिरफ्तारियों के बाद जांच का दायरा आगे बढ़ सकता है। एजेंसी संभावित रूप से जुड़े अन्य लोगों और परीक्षा प्रक्रिया में कथित तौर पर अनुचित लाभ पहुंचाने से संबंधित पहलुओं की भी जांच कर रही है।
क्या है JPSC-JSSC-CGL से जुड़ा मामला?
JPSC और JSSC-CGL प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और अभ्यर्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाने के आरोपों को लेकर CID जांच कर रही है। इसी जांच के क्रम में पहले भी कुछ लोगों से पूछताछ और गिरफ्तारियां हुई हैं। ताजा कार्रवाई में JPSC मामले में दो और JSSC-CGL मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि, गिरफ्तारी या जांच एजेंसी के आरोप अपने आप में दोषसिद्धि नहीं हैं। मामलों में आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और साक्ष्यों के आधार पर होगी।



















