रांची: राज्यपाल का सभी विवि को निर्देश, छात्रों से लिए विकास शुल्क का नहीं करें डायवर्सन राज्यपाल सह कुलाधिपति सीपी राधाकृष्णन ने झारखंड के सभी राजकीय विवि व कॉलेजों को छात्र हित में लिये गये विकास शुल्क का डायवर्सन नहीं करने का निर्देश दिया है. साथ ही इसका उपयोग छात्र हित में ही करने के लिए कहा है.
राज्यपाल ने सभी विवि के कुलपति को छह बिंदुओं पर कार्रवाई करते हुए अद्यतन स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट 10 मार्च 2024 तक राजभवन में जमा करने का निर्देश दिया है.
इसके तहत सभी विवि कोशैक्षणिक कैलेंडर, परीक्षा कैलेंडर लागू करने के साथ-साथ वार्षिक खेल, कला एवं अन्य व्यक्तित्व विकास के कार्यक्रमों का भी कैलेंडर जारी करने का निर्देश दिया है.
यह भी कहा गया है कि छात्रों की समस्या का निराकरण एवं प्रत्यक्ष संवाद के लिए विवि के प्रशासनिक अधिकारी विवि कार्यालय में दैनिक समय अवधि का निर्धारण करना सुनिश्चित करायें. साथ ही कठोरता से इसका पालन करें. राज्यपाल ने कुलपति से यह भी कहा है कि विवि व कॉलेजों में शिक्षकों व शिक्षकेतर कर्मचारियों की कमी को अविलंब दूर करने की दिशा में पहल करें.
विवि व कॉलेजों में प्रयोगशाला, पुस्तकालय, कॉमन रूम, साइकिल स्टैंड, पेयजल, शौचालय एवं अन्य बुनियादी सुविधाओं को सुव्यवस्थित करने के लिए आवश्यक कदम उठायें.
राष्ट्रीय शिक्षा नीति से संबंधित पाठ्यक्रमों की विस्तृत जानकारी से छात्रों को जागरूक करने के लिए कॉलेज स्तर पर योजना बना कर इसे व्यवस्थित करायें, हेल्पलाइन जारी करायें, ताकि छात्र किसी भी समय जानकारी हासिल कर सकें, राज्यपाल के निर्देश पर उनके प्रधान सचिव द्वारा विवि को भेजे पत्र में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि राज्य के विवि व कॉलेजों की शैक्षणिक व्यवस्था के संबंध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के सदस्यों ने भी राज्यपाल से मिल कर उनका ध्यान आकृष्ट कराया था.


















