Bihar के किसानों के लिए अहम भूमिका निभा रहा लघु जल संसाधन विभाग, मंत्री ने कहा ‘नीतीश कुमार ने पहले ही…’

पटना: लघु जल संसाधन विभाग के मंत्री संतोष कुमार सुमन ने सोमवार को सूचना एवं जन-संपर्क विभाग में प्रेस वार्ता को संबोधित किया। अपने संबोधन में लघु जल संसाधन विभाग के मंत्री संतोष कुमार सुमन ने लघु सिंचाई के मामले में Bihar सरकार की उपलब्धियों को बताया। इस दौरान उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा Bihar में लागू जल जीवन हरियाली परियोजना की भी चर्चा की और कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के संकल्प का नतीजा है कि आज जहां पूरा विश्व पानी की कमी से जूझ रहा है वहीं हमारे राज्य के खेतों में आसानी से पानी पहुंच रहा है।

2019 में Bihar सीएम ने लिया था संकल्प

मंत्री संतोष सुमन ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने वर्ष 2019 में जल जीवन हरियाली परियोजना की शुरुआत की थी। इस परियोजना के तहत हमलोग जल संचयन पर जोर दे रहे हैं और सरकारी विभागीय स्तर के साथ ही आमलोगों को भी जल संचयन के लिए प्रेरित कर रहे हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का संकल्प है 2025 तक बिहार के हर खेतों तक सिंचाई के लिए पानी पहुँचाया जा सके।

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मंत्री संतोष सुमन ने कहा कि अभी Bihar में करीब 94 लाख हेक्टेयर जमीन खेती की जमीन है। इसके साथ ही राज्य की 74 प्रतिशत आबादी कृषि पर निर्भर है। मुख्यमंत्री जी का लक्ष्य है कि 2025 तक हर खेतों में सिंचाई के लिए पानी पहुंचाई जाये। जल जीवन हरियाली परियोजना के अंतर्गत 2377 योजनाओं में से 2217 योजनाएं पूरी कर ली गई है।

74 प्रतिशत आबादी खेती पर निर्भर

Bihar में किसानों की बेहतरी के लिए कृषि रोड मैप की स्थापना की गई। कृषि रोडमैप को 2030 तक के लिए विस्तारित किया गया है। इस रोडमैप में लघु जल संसाधन विभाग की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। Bihar की आबादी का करीब 11.2 प्रतिशत लोग ही शहरी क्षेत्रों में रहते हैं जबकि शेष आबादी गांवों में रहती है। हमारे राज्य में 74 प्रतिशत आबादी खेती पर निर्भर है तो ऐसे में पानी की जरूरत सिंचाई के लिए होती है।

हमने अपना लक्ष्य लगभग कर लिया है पूरा

सिंचाई के लिए हमारा विभाग कई योजना चला रहा है। पहली योजना है कि सतही जल संचयन दूसरी है उद्भव सिंचाई योजना। हमारा उद्देश्य है कि 2025 तक कोई भी खेत सिंचाई के लिए पानी से वंचित नहीं रहे। हमारा काम है कि 2000 हेक्टेयर से नीचे के जमीन की सिंचाई हमारे विभाग के तहत होता है जिसमें हम आहार पईन बनाते हैं, चेक डैम बनाते हैं। विगत कुल वर्षों में हमलोगों ने अच्छी राशि हमें मिली है और हमारा जो लक्ष्य था हम उसके आसपास पहुंच चुके हैं।

अपने लक्ष्य के बहुत करीब हैं हम

वित्तीय वर्ष 2023 -24 में 2339 करोड़ रूपये की स्वीकृति मिली थी। इसके तहत हमलोग करीब एक लाख 87 हजार हेक्टेयर जमीन को सिंचित करने जा रहे हैं। इसी तरह आज तक हमने दो लाख 28 हजार 225 हेक्टेयर जमीन को सिंचित किया है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में हमारा लक्ष्य करीब 25 हजार 822 हेक्टेयर जमीन हमने इस बार सिंचित करने का है।

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किसानों को दे रहे सब्सिडी

पहले मुख्यमंत्री निजी नलकूप योजना की शुरुआत की गई थी जिसमें 35 हजार आवेदन आये थे जिसमें हमने 10279 आवेदन का निष्पादन किया है। इसमें करीब 1 लाख चार हजार 422 हेक्टेयर जमीन पूरा करने का लक्ष्य है। आगे भी हमारी कई महत्वाकांक्षी योजनाएं हैं जिसपर हम लोग काम कर रहे हैं। किसानों को सब्सिडी दे रहे हैं। हमारा पोर्टल खुलते ही भर जाता है। हमारी योजनाओं के प्रति किसानों का भी आकर्षण काफी अधिक देखने के लिए मिल रहा है। हमलोग पूरी तरह से कोशिश कर रहे हैं कि हम सभी क्षेत्रों में पानी पहुंचा सकें।

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पटना से महीप राज की रिपोर्ट

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