नई दिल्ली : अब तक कम खतरनाक समझे जाने वाले ओमिक्रॉन ने रंग दिखाना शुरू कर दिया है. ओमिक्रॉन से बीते चौबीस घंटों में 13 मौत हुई हैं. अब तक कुल मिलाकर 14 लोग ओमिक्रॉन का शिकार हो गए हैं. WHO ने फिर चेतावनी दी है कि ओमिक्रॉन का तूफान आ रहा है. ये वायरस बीस से तीस साल की उम्र के युवाओं में ज्यादा फैल रहा है.
रिपोर्ट्स के मुताबिक ब्रिटेन में अब तक ओमिक्रॉन से 12 लोग दम तोड़ चुके हैं. हालांकि सरकार ने अब तक सिर्फ एक शख्स की ओमिक्रॉन से मौत की पुष्टि की है. वहीं इजरायल के सोरोका अस्पताल में ओमिक्रॉन से पहली मौत हो गई है. 60 साल का शख्स दो हफ्ते तक अस्पताल में रहने के बाद जिंदगी की जंग हार गया. वहीं अमेरिका से भी एक शख्स की मौत की खबर है. बताया जा रहा है इस शख्स ने वैक्सीन नहीं लगवाई थी.
अमेरिका में जितने नए कोरोना केस सामने आए हैं, उसमें 73 फीसदी केस ओमिक्रॉन के ही हैं. एक हफ्ते में ही ओमिक्रॉन के केस छह गुना बढ़ गए हैं. वहीं यूरोप के WHO चीफ ने दुनिया को साफ-साफ चेतावनी दे दी है.
WHO के क्षेत्रीय निदेशक डॉ हन्स कुल्ग ने कहा, ओमिक्रॉन के मामले में हम देख सकते हैं, अगर एक देश सुरक्षित नहीं है तो ये दुनिया सुरक्षित नहीं हैं. यूरोपीय महाद्वीप इस समय ओमिक्रॉन से सबसे ज्यादा पीड़ित है. ब्रिटेन ही नहीं पूरे यूरोप में ओमिक्रॉन तूफानी गति से बढ़ रहा है.
कुल्ग ने आगे कहा, हम देख सकते हैं एक और तूफान आ चुका है. ओमिक्रॉन डेनमार्क, पुर्तगाल और ब्रिटेन समेत कई देशों में दूसरे वेरिएंट से आगे निकल गया है. हर डेढ़ से तीन दिन में मामले दोगुने हो रहे हैं. ऐसा पहले कभी नहीं देखा गया. कुछ हफ्तों में ही ओमिक्रॉन कई और देशों में सबसे ज्यादा फैला होगा. पहले से बोझ उठा रहे हेल्थ सिस्टम पर ढह जाने का खतरा है. WHO ने यूरोप को लेकर जो बातें कही हैं वो चिंता पैदा करने वाली हैं.


















