रांची में 281 मालवाहक वाहन 12 से 14 साल से रोड टैक्स नहीं दे रहे हैं। ऑडिट में खुलासा होने के बाद DTO ने नोटिस भेजकर वसूली शुरू की।
Ranchi Transport News रांची: राजधानी की सड़कों पर पिछले 12 से 14 वर्षों से सैकड़ों मालवाहक वाहन चल रहे हैं, लेकिन इनका रोड टैक्स सरकार को नहीं मिल रहा है। रांची जिले में ऐसे 281 मालवाहक वाहनों को चिह्नित किया गया है। इनमें बड़ी संख्या ट्रेलर की बतायी जा रही है।
कई वाहन वर्ष 2012 से, जबकि कई 2013-14 से टैक्स जमा नहीं कर रहे हैं। लंबे समय तक टैक्स बकाया रहने के बावजूद इन वाहनों पर कार्रवाई नहीं होने को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। अब महालेखाकार कार्यालय की ओर से कराये गये ऑडिट में मामला सामने आने के बाद परिवहन विभाग सक्रिय हुआ है।
AG की आपत्ति के बाद जिला परिवहन पदाधिकारी ने बकायेदार वाहन मालिकों को नोटिस भेजना शुरू कर दिया है। वाहन मालिकों को एक सप्ताह के भीतर ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से बकाया रोड टैक्स जमा करने का निर्देश दिया गया है।
Key Highlights
- रांची जिले में 281 मालवाहक वाहन लंबे समय से रोड टैक्स नहीं दे रहे
- कई वाहनों पर वर्ष 2012 और 2013-14 से टैक्स बकाया
- बकायेदार वाहनों पर करीब 7 से 8 करोड़ रुपये टैक्स बाकी
- AG ऑडिट में मामला सामने आने के बाद DTO ने नोटिस जारी किया
- भुगतान नहीं करने पर वाहन जब्ती और संपत्ति कुर्की की कार्रवाई होगी
Ranchi Transport News:7 से 8 करोड़ रुपये की टैक्स वसूली होगी
ऑडिट में यह भी सामने आया कि कई वाहन मालिकों ने रोड टैक्स का भुगतान नहीं करने के साथ अपने वाहनों के परिचालन से जुड़ी आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध नहीं करायी। नियमानुसार वाहन का टैक्स जमा करना और टैक्स टोकन रखना जरूरी है।
मालवाहक वाहनों पर उनकी भार क्षमता के आधार पर टैक्स निर्धारित होता है। यही वजह है कि अधिक भार क्षमता वाले ट्रेलर पर टैक्स की राशि भी ज्यादा होती है। नोटिस जारी किए गए वाहनों पर करीब 7 से 8 करोड़ रुपये का टैक्स बकाया बताया जा रहा है।
जिन वाहन मालिकों ने पहले ही टैक्स जमा कर दिया है, उन्हें टैक्स टोकन के साथ आवेदन देने को कहा गया है। इसके बाद जांच कर उनका नाम बकायेदारों की सूची से हटाया जाएगा।
Ranchi Transport News:टैक्स नहीं दिया तो वाहन जब्ती और संपत्ति कुर्की
डीटीओ अखिलेश कुमार ने कहा है कि निर्धारित समय के भीतर बकाया टैक्स जमा नहीं करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ झारखंड मोटर वाहन कराधान अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
विभाग बकाया टैक्स के साथ जुर्माने की भी वसूली करेगा। इसके लिए वाहन और संबंधित वाहन मालिक की चल-अचल संपत्ति की नीलामी के लिए सर्टिफिकेट केस किया जा सकता है। जरूरत पड़ने पर संपत्ति की कुर्की जब्ती, वाहन को माल ढोने से प्रतिबंधित करने और उसके हस्तांतरण पर रोक लगाने की कार्रवाई भी की जाएगी।
परिवहन विभाग के अनुसार मालवाहक वाहनों के सभी कागजात का अप टू डेट होना जरूरी है। कागजात और टैक्स संबंधी औपचारिकताएं पूरी नहीं होने से वाहन संचालन में कानूनी दिक्कतों के साथ दुर्घटना की स्थिति में जवाबदेही तय करने में भी परेशानी होती है। वहीं, लंबे समय तक टैक्स नहीं चुकाने से सरकारी राजस्व को भी नुकसान होता है। ऐसे में अब बकायेदार मालवाहक वाहनों के खिलाफ सख्ती की तैयारी है।


















