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Kaimur Post Office Aadhaar Card Case: कैमूर में पोखरे के पास मिलीं हजारों आधार कार्ड और बैंक पासबुक, पोस्टऑफिस पर उठे सवाल

कैमूर के मोकरी गांव में पोस्टऑफिस के हजारों आधार कार्ड, बैंक पासबुक और एटीएम कार्ड पुराने पोखरे के पास पड़े मिले, जिससे कर्मचारियों की लापरवाही पर सवाल उठे हैं।

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Kaimur Post Office Aadhaar Card Case: बिहार के कैमूर जिले में पोस्टऑफिस से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज लावारिस हालत में मिलने का मामला सामने आया है। भभुआ थाना क्षेत्र के मोकरी गांव में मंगलवार की सुबह पुराने पोखरे के पास दो बोरियों में भरे आधार कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और चेकबुक मिलने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों का दावा है कि बोरियों में करीब दस हजार तक दस्तावेज रखे हुए थे। इन कागजातों को देखकर लोगों ने पोस्टऑफिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। मामले की सूचना मिलने पर भभुआ थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और बोरियों में रखे सभी दस्तावेजों को अपने कब्जे में लेकर थाने ले गई। अब जिला प्रशासन ने पूरे मामले की जांच कराने की बात कही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान यदि किसी कर्मचारी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

पुराने पोखरे के पास दो बोरियों में मिले जरूरी कागजात

मंगलवार की सुबह मोकरी गांव के कुछ ग्रामीण खेतों की ओर जा रहे थे। इसी दौरान उनकी नजर गांव के पुराने पोखरे के पास रखी दो बोरियों पर पड़ी। बोरियों को खोलकर देखने पर उनमें बड़ी संख्या में आधार कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और चेकबुक सहित पोस्टऑफिस से संबंधित अन्य दस्तावेज मिले। इतनी बड़ी मात्रा में लोगों के निजी और बैंकिंग दस्तावेज खुले में पड़े देखकर ग्रामीण हैरान रह गए। ग्रामीणों के मुताबिक, ये दस्तावेज मोकरी पंचायत के ही लोगों से संबंधित हैं। सूचना मिलने के बाद स्थानीय लोगों ने भभुआ थाना को इसकी जानकारी दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सभी कागजात एकत्र किए और उन्हें थाने ले गई, ताकि मामले की आगे जांच की जा सके।

ग्रामीणों ने पोस्टऑफिस कर्मियों पर लगाया लापरवाही का आरोप

मोकरी पंचायत के पूर्व मुखिया जय शंकर बिहारी और ग्रामीण तेज बहादुर सिंह ने बताया कि सुबह खेत की ओर जाते समय लोगों ने पोखरे के पास बोरियां देखी थीं। जब उन्हें खोला गया तो बड़ी संख्या में जरूरी दस्तावेज मिले। ग्रामीणों ने इनकी संख्या करीब दस हजार तक होने का दावा किया है। ग्रामीणों का आरोप है कि पोस्टऑफिस में तैयार होकर आए दस्तावेजों को संबंधित लोगों तक पहुंचाने के बजाय इस तरह फेंक दिया गया। उनका कहना है कि आधार कार्ड, एटीएम कार्ड और बैंक से जुड़े कागजात लोगों के लिए बेहद जरूरी होते हैं। इनके वितरण की जिम्मेदारी संबंधित विभाग और कर्मचारियों की होती है। ऐसे में इन दस्तावेजों का पोखरे के पास मिलना गंभीर लापरवाही की आशंका पैदा करता है। ग्रामीणों ने वरीय अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।

पोस्टऑफिस सर्किल इंस्पेक्टर ने जांच का दिया भरोसा

मामले को लेकर भभुआ पोस्टऑफिस के सर्किल इंस्पेक्टर चंद्र भूषण प्रसाद से फोन पर जानकारी ली गई। उन्होंने बताया कि मोकरी गांव में बड़ी संख्या में आधार कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और चेकबुक फेंके जाने की सूचना उनके संज्ञान में आई है। उन्होंने मामले को गंभीर बताते हुए जांच कराने की बात कही। साथ ही कहा कि जांच में जिस भी कर्मचारी की जिम्मेदारी या लापरवाही सामने आएगी, उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, सर्किल इंस्पेक्टर कैमरे के सामने अपना पक्ष रखने से बचते नजर आए। फिलहाल विभागीय स्तर पर जांच और दस्तावेजों के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।

Kaimur Post Office Aadhaar Card Case

एसडीओ अमित कुमार ने भी दिए जांच के निर्देश

भभुआ के अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार ने बताया कि मोकरी गांव में पोस्टऑफिस से जुड़े आधार कार्ड, एटीएम कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण कागजात फेंके जाने की जानकारी मिली है। पुलिस की मदद से सभी सामान को उठाकर थाने लाया गया है। जिला प्रशासन इस मामले की जांच कराएगा। यदि जांच में किसी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

Kaimur Post Office Aadhaar Card Case 1

दस्तावेजों के लाभार्थियों तक नहीं पहुंचने पर उठे सवाल

मोकरी गांव में इस तरह महत्वपूर्ण दस्तावेज मिलने के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं। आखिर ये कागजात किन लोगों के थे और इन्हें संबंधित लाभार्थियों तक क्यों नहीं पहुंचाया गया? क्या दस्तावेजों के वितरण में लापरवाही हुई या इन्हें फेंके जाने के पीछे कोई अन्य कारण है? इन सवालों का जवाब जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल पुलिस के कब्जे में दस्तावेज हैं और जिला प्रशासन ने जांच का भरोसा दिया है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और इस मामले में किसकी जिम्मेदारी तय होती है।

रिपोर्ट – ओम प्रकाश तिवारी

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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
कैमूर के मोकरी गांव में क्या मिला?

मोकरी गांव के पुराने पोखरे के पास दो बोरियों में हजारों आधार कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और चेकबुक पड़े मिले। ग्रामीणों का दावा है कि इनकी संख्या लगभग दस हजार थी।

ये दस्तावेज किसके संबंधित हैं?

ये सभी दस्तावेज पोस्टऑफिस से जुड़े हैं और मोकरी पंचायत के लोगों से संबंधित बताए जा रहे हैं।

इस मामले में क्या कार्रवाई की गई है?

पुलिस ने सभी दस्तावेजों को जब्त कर थाने ले जाया है। जिला प्रशासन और पोस्टऑफिस सर्किल ने मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है और लापरवाही पाए जाने पर कर्मचारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।

ग्रामीणों का पोस्टऑफिस पर क्या आरोप है?

ग्रामीणों का कहना है कि संबंधित लोगों तक पहुंचाए जाने वाले दस्तावेजों को पोस्टऑफिस कर्मचारियों ने फेंक दिया, जो गंभीर लापरवाही है।

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