गया में जीवित पार्षद सरकारी रिकॉर्ड में मृत्य घोषित, ई- केवाईसी करते वक्त सामने आई लापरवाही, डीएम से लगाई गुहार
गयाजी: नगर निगम की वार्ड संख्या 34 की निर्वाचित पार्षद शीला देवी को सरकारी रिकॉर्ड में मृत घोषित कर दिया गया है। जबकि शीला देवी ना सिर्फ जीवित है बल्कि वर्तमान में वार्ड पार्षद के रूप में सक्रिय रूप से काम कर रही है।
मामले का खुलासा तब हुआ जब पार्षद शीला देवी ई- केवाईसी करने के लिए एक साइबर कैफे में पहुंची,वहां कैफे के ऑपरेटर ने जब सरकारी पोर्टल चेक किया तो बताया कि रिकॉर्ड में उनका नाम तो मृत्य दर्शाया जा रहा है। यह सुनते ही शीला देवी सन्न रह गई । उन्हें यकीन ही नहीं हुआ कि सरकारी दस्तावेज में उन्हें मृत्य बताया जा रहा है।
विधवा को सताने लगा पेंशन बंद होने का डर
जबकि मैं तो अभी जीवित हूँ, शीला देवी बताती है कि मैं 15 साल से विधवा पेंशन का लाभ ले रही हूं, ई-केवाईसी के दौरान इस तरह की जानकारी सामने आने से उनकी पेंशन के ऊपर संकट मंडराने लगा है, डर है कि कहीं पेंशन के लाभ से वंचित न कर दिया जाए..
पीड़िता ने जिलाधिकारी से शिकायत
वहीं पार्षद शीला देवी ने डीएम को लिखित शिकायत भी की है, उन्होंने मांग की है कि मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और जल्द से जल्द रिकॉर्ड में सुधार किया जाए, साथ ही यह भी पता लाया जाए कि इतनी बड़ी गलती किस स्तर पर हुई है।
आशीष कुमार की रिपोर्ट
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