पटना : बिहार में केंद्र के अग्निपथ योजना के विरोध में मचे भारी बवाल को देखते हुए
बिहार सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. बिहार के 12 जिलों में इंटरनेट सेवा को बंद कर दिया है.
राज्य के जिन जिलों में अगले 48 घंटों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी
उनमें कैमूर, भोजपुर, औरंगाबाद, रोहतास, बक्सर, नवादा, पश्चिम चंपारण, समस्तीपुर,
लखीसराय, बेगूसराय, वैशाली और सारण शामिल है.
इन जिलों में 17 जून की दोपहर 2ः00 बजे से 19 जून तक इंटरनेट सेवा बंद रहेगी.
18 जून को बिहार बंद का एलान
बता दें कि अग्निपथ योजना के विरोध में बिहार के कई जिलों में उपद्रवियों ने कई ट्रेनों को फूंक दिया.
इस हिंसक प्रदर्शन से खासकर रेलवे को काफी नुकसान हुआ है.
वहीं 18 जून को बिहार बंद का एलान छात्र युवा संगठन ने किया है.
इस बंद का आह्वान आइसा-इनौस, रोजगार संघर्ष संयुक्त मोर्चा और सेना भर्ती जवान मोर्चा ने किया है.
वहीं इसका समर्थन महागठबंधन में शामिल विभिन्न पार्टियों ने किया है.

युवाओं के साथ सरकार ने किया मजाक
इसके साथ ही छात्र युवा संगठनों ने सरकार को 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया है, और कहा है कि सरकार अगर अग्निपथ योजना को वापस नहीं लेती है तो हम बिहार बंद और फिर भारत बंद की ओर बढ़ेंगे. छात्र नेताओं ने कहा कि यह कैसा मजाक है कि महज 4 साल काम करने के बाद जब युवाओं की असली जिंदगी शुरू होगी, तब उन्हे रिटायर्ड कर दिया जाएगा.

कृषि कानून की तरह अग्निपथ योजना को रद्द करे सरकार
उन्होंने मांग की जिस तरह कृषि कानून को वापस लिया गया उस तरह इस योजना को अविलंब रद्द किया जाए और बिना किसी देरी के सशस्त्र बलों में नियमित भर्ती की बहाली प्रक्रिया शुरू की जाए. इसके साथ ही छात्र नेताओं ने राजनीतिक-सामाजिक संगठनों और बिहार की जनता से अपील की कि वह सेना और युवाओं के भविष्य को बचाने के लिए बिहार बंद को सक्रिय रूप से समर्थन दें.
महागठबंधन और वामदलों ने बंदी का दिया समर्थन
बता दें कि अग्निपथ योजना के विरोध में प्रदर्शनकारियों ने आठ ट्रेनों में आग लगा दी. पूरा बिहार इस आग से झुलस रहा है. वहीं इस विरोध के कारण लोगों को परेशानी हो रही है. इस बीच सेना में बहाली की नई प्रक्रिया को लेकर चल रहे हैं विरोध का महागठबंधन ने समर्थन किया है. साथ ही वामदलों के छात्र संगठनों के अलावा दूसरे छात्र संगठनों द्वारा शनिवार को बिहार बंद का महागठबंधन ने समर्थन किया.
सरकार योजना को तत्काल वापस ले- जगदानंद सिंह
छात्रों द्वारा बंद के आह्वान को लेकर आरजेडी प्रदेश कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह के नेतृत्व में महागठबंधन दल के नेताओं की बैठक हुई. पत्रकारों से बातचीत करते हुए जगदानंद सिंह ने कहा कि छात्र आंदोलन को हम महागठबंधन के सभी नेता समर्थन करते हैं और मोदी सरकार से मांग करते हैं कि सरकार ने जो फैसला लिया है उसे तत्काल वापस लिया जाए. क्योंकि अग्निपथ योजना से देश के युवाओं फायदा नहीं होने वाला है.
जगदानंद सिंह ने उठाया सवाल
राजद प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने कहा जब डिफेंस मानती है कि सेना के जवान लगभग 4 सालों में तैयार होते हैं तो ऐसे में यह सरकार मात्र 6 महीने में ही देश की सेवा के लिए सैनिकों को कैसे तैयार कर सकते हैं. जगदानंद सिंह से सवाल किया गया कि बीजेपी के नेता इस योजना का फायदा बता रहे हैं जिसको लेकर जगदानंद सिंह ने कहा कि किसान योजना का भी यह सरकार फायदे बता रही थी. लेकिन उन्हें वापस लेना पड़ा इसलिए इस योजना को भी सरकार को वापस लेना चाहिए.
गलत नीतियों के कारण हो रहा प्रदर्शन- मृत्युंजय तिवारी
वहीं दूसरी ओर राजद प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि जो प्रदर्शन हो रहा है, वह केंद्र सरकार की गलत नीतियों का नतीजा है. आप युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव ने साफ कर दिया है कि वह इस योजना का विरोध करेंगे और केंद्र सरकार को अपना फैसला वापस लेना होगा.
रिपोर्ट: शक्ति
Highlights







