Treasury Scam: 28 करोड़ घोटाले में बड़ा खुलासा, 17 साल नौकरी के बावजूद ट्रेनिंग से बचता रहा मास्टरमाइंड

झारखंड ट्रेजरी घोटाले में बड़ा खुलासा। शंभु कुमार समेत आरोपियों ने जानबूझकर ट्रेनिंग नहीं ली ताकि अकाउंट सेक्शन में पकड़ बनाए रख सकें।


Treasury Scam रांची: झारखंड के हजारीबाग और बोकारो में सामने आए 28 करोड़ रुपये के ट्रेजरी घोटाले की जांच में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। जांच एजेंसियों को पता चला है कि इस पूरे घोटाले का मास्टरमाइंड शंभु कुमार और उसके सहयोगियों ने लंबे समय तक सुनियोजित तरीके से सिस्टम को कमजोर कर अवैध निकासी को अंजाम दिया।

Treasury Scam:ट्रेनिंग से बचकर वर्षों तक एक ही सेक्शन में जमे रहे आरोपी

जांच में सामने आया है कि शंभु कुमार, पंकज सिंह उर्फ रजनीश और धीरेंद्र के बीच गहरा तालमेल था। हजारीबाग और बोकारो में पदस्थापित रहने के बावजूद तीनों ने अपने-अपने स्थानांतरण के बाद नई जगह योगदान नहीं दिया।
हैरानी की बात यह है कि 12 से 17 साल की सेवा के बावजूद इन सभी ने पीपीसी (पुलिस प्रशिक्षण) नहीं लिया। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि आरोपियों ने जानबूझकर ट्रेनिंग से दूरी बनाई, ताकि प्रमोशन और ट्रांसफर से बचते हुए अकाउंट सेक्शन में अपनी पकड़ मजबूत रख सकें।


Key Highlights

  • 28 करोड़ के ट्रेजरी घोटाले में नए खुलासे

  • आरोपियों ने जानबूझकर नहीं ली पुलिस ट्रेनिंग

  • ट्रांसफर के बावजूद वर्षों तक एक ही सेक्शन में जमे रहे

  • हेड क्लर्क को बाइपास कर सीधे डीडीओ से कराए गए साइन

  • बीमारी का फायदा उठाकर सिस्टम पर बनाई पकड़


Treasury Scam:हेड क्लर्क को बाइपास कर सीधे डीडीओ से कराते थे साइन

बोकारो ट्रेजरी से अवैध निकासी के मामले में एक और बड़ा खुलासा हुआ है। अकाउंटेंट कौशल पांडेय ने हेड क्लर्क के हस्ताक्षर के बिना ही बिल सीधे डीडीओ से साइन कराकर ट्रेजरी भेजे और भुगतान करा लिया।
डीडीओ द्वारा बिना आपत्ति लगातार साइन किए जाने से यह गड़बड़ी लंबे समय तक चलती रही। यह प्रशासनिक लापरवाही भी अब जांच के दायरे में है।

Treasury Scam:बीमारी का फायदा उठाकर बनाई पूरी पकड़

लेखा विभाग में वर्ष 2016 से प्रभा टोप्पो हेड क्लर्क के पद पर थीं। वर्ष 2024 में उनके ब्रेन टीबी से बीमार होने के बाद कौशल पांडेय ने स्थिति का फायदा उठाया और पूरे सिस्टम पर नियंत्रण स्थापित कर लिया।
उसने डीडीओ को यह भरोसा दिलाया कि हेड क्लर्क की प्रक्रिया जटिल और धीमी है, जिसके बाद सभी बिल सीधे उसके माध्यम से साइन होने लगे। इसी दौरान बड़े पैमाने पर अवैध निकासी को अंजाम दिया गया।

Saffrn

Trending News

Bihar MLC Election 2026: आज नामांकन का आखिरी दिन, NDA ने...

Bihar MLC Election 2026: बिहार विधान परिषद चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक गतिविधियां चरम पर पहुंच गई हैं। विधानसभा की 10 सीटों के लिए...

Ranchi Crime News: गैंगस्टर Prince Khan के नाम पर कारोबारियों से...

रांची में गैंगस्टर प्रिंस खान के नाम पर दो कारोबारियों से 5-5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई है। विदेशी नंबर से धमकी मिलने...

Jharkhand Rajya Sabha Election 2026: INDIA Alliance ने दिखाई एकजुटता, बैजनाथ...

झारखंड राज्यसभा चुनाव को लेकर इंडिया गठबंधन ने एकजुटता का प्रदर्शन किया। बैजनाथ राम और प्रणव झा 8 जून को संयुक्त रूप से नामांकन...

Jharkhand Fuel Crisis: पेट्रोल-डीजल सप्लाई बाधित, रांची समेत कई जिलों के...

झारखंड में पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति बाधित होने से कई पेट्रोल पंप ड्राई हो रहे हैं। गुमला, बेड़ो, सिसई समेत कई इलाकों में ईंधन संकट...

NEET UG Re-Exam 2026: NTA ने जारी की City Intimation Slip,...

 NEET UG Re-Exam 2026 के लिए NTA ने सिटी इंटिमेशन स्लिप जारी कर दी है। उम्मीदवार neet.nta.nic.in पर जाकर परीक्षा शहर की जानकारी प्राप्त...
Corrugated Boxes Supplier in Jharkhand & West Bengal | Aarisha Packaging Solutions
Best Packaging Solution Provider of Jharkhand

Social Media

194,000FansLike
27,500FollowersFollow
628FollowersFollow
695,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img