रांची : झारखंड हाईकोर्ट में सोमवार से कई पाबंदियों के साथ फिजिकल सुनवाई शुरू होगी. फिजिकल कोर्ट के लिए झारखंड हाईकोर्ट ने एसओपी जारी कर दिया हैं. नए नियम के अनुसार, कोर्ट रूम में प्रवेश के लिए वकीलों को ई-पास बनाना होगा. ई-पास जेनरेट नहीं होने पर वकीलों को आई कार्ड और वकालतनामा दिखाना अनिवार्य होगा. इसके बाद ही कोर्टरूम में प्रवेश की अनुमति मिलेगी. बिना ई-पास के कोई भी वकील, अधिवक्ता लिपिक और दूसरे लोग प्रवेश नहीं कर पाएंगे. वकीलों के अलग-अलग कोर्ट के लिए भी ई-पास बनाना होगा. ई-पास हाईकोर्ट ही जारी करेगा. सिर्फ महाधिवक्ता, बार कौंसिल के अध्यक्ष, एडवोकेट एसोसिएसन, बार एसोसिएसन के अध्यक्ष को छूट दी गयी है.
न्यायालय कक्ष में एक साथ सिर्फ चार वकीलों के ही प्रवेश की छूट दी गयी है. इसमें दोनों पक्षों के एक-एक सीनियर और एक जूनियर वकील रहेंग. इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन भी करना होगा. मास्क और हैंड सेनेटाइजर भी सभी को रखना होगा. गेट पर ही सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी और तामपान की जांच की जाएगी. मानकों पर सही उतरने वालों को ही न्यायालय में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी. फिजिकल कोर्ट में सभी वकीलों को पूरे यूनिफॉर्म और गाउन पहनकर ही प्रवेश करने की अनुमति रहेगी. कोरोना का संक्रमण शुरू होने और वर्चुअल कोर्ट में वकीलों को बिना यूनिफॉर्म के भी पक्ष रखने की अनुमति दी गयी थी, लेकिन इसे अब समाप्त कर दिया गया है. सभी के लिए पूरा यूनिफॉर्म अनिवार्य रहेगा.
रिपोर्ट : मदन सिंह


















