डिजीटल डेस्क : Waqf Bill – वक्फ एक्ट में संशोधन की तैयारी पर भड़के सपा सांसद से लेकर ओवैसी तक। तीसरे टर्म में लगातार ताबड़तोड़ फैसले ले रही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार की ओर से संसद में चालू मानसून सत्र में वक्फ वोर्ड संबंधी अधिनियम में संशोधन करने के तैयार मसौदे को कैबिनेट से मिली मंजूरी के बाद अब संसद में पेश करने की तैयारी है। इस संबंधी सूचनाएं मीडिया के मार्फत बाहर आने के बाद से मुखालफत वाले सुर उठने लगे हैं। सपा सांसद से लेकर हैदराबाद के सांसद व एआईएमआईएम चीफ असदुद्दीन ओवेसी सरकार के ऐसे किसी भी पहल का पुरजोर विरोध करने संकेत दे दिया है। इस बारे में दोनों ही नेताओं ने अलग-अलग मोदी सरकार पर तीखे हमले बोले हैं।
सपा सांसद मोहिबुल्लाह नदवी बोले – गंगा जमुनी तहजीब को पहुंचेगी ठेस, देश की छवि होगी खराब
उत्तर प्रदेश के रामपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद मौलाना मोहिबुल्लाह नदवी ने संभावित वक्फ बोर्ड संशोधन बिल बिल पर सवाल उठाया है। कहा कि सरकार वक्फ बोर्ड की संपत्ति पर और उसके अधिकारों पर अंकुश लगाने के लिए ये विधेयक ला रही है। वक्फ बोर्ड संशोधन का यह तरीका गलत है। इससे दुनिया में देश की छवि खराब होगी। सपा सांसद ने कहा कि वक्फ बोर्ड किसी भी संपत्ति को अपना घोषित कर देती है, ऐसा नहीं है। इसकी एक प्रकिया होती है। ये गलत बात है और वक्फ बोर्ड लेकर एक प्रोपेगंडा फैलाया जा रहा है। इससे दुनिया में सरकार के कमजोर होने का संदेश जाएगा। सरकार को शहरियों के हकों की हिफाजत करनी चाहिए। अगर सरकार की नियत ठीक थी तो ऑल पार्टी मीटिंग और स्कॉलर्स को बुलाकर बात करनी चाहिए। ये देश की गंगा जमुनी तहजीब को नुकसान पहुंचाने वाला है। जब बिल संसद में आएगा तो सपा मुखिया उसे देखेंगे और उसके हिसाब से स्टैंड लेंगे। फिलहाल बिल लाने का तरीका गलत है और इससे देश की छवि खराब होगी।

कांग्रेस के राशिद अल्वी बोले – सीएम नीतीश और चंद्रबाबू नायडू करें हस्तक्षेप
दूसरी ओर, कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने भी वक्फ संपत्ति को लेकर केंद्र सरकार की ओर संशोधन लाये जाने की योजना पर भाजपा पर निशाना साधा। कहा कि संयुक्त संसदीय समिति पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के समय में बनाई गई थी और उन्होंने कानून बनाया था। हकीकत यह है कि मुस्लिमों ने जो अपनी संपत्ति दान की है, वो ही अब वक्फ की संपत्ति है। उन्होंने कहा कि सरकार ने वक्फ संपत्ति पर पहले ही कब्जा कर रखा है। सेना ने बहुत बड़ी संपत्ति पर कब्जा कर रखा है और सरकार उसे मुक्त कराने के बजाए नया कानून ला रही है। राशिद अल्वी ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू को इस मामले हस्तक्षेप कर, कानून में संशोधन को रोकना चाहिए।
खिलाफत में मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड भी
ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के कार्यकारी सदस्य मौलाना खालिद रशीद ने भी इस बिल को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा है कि कोई नया संशोधन करने की जरूरत नहीं है। मौजूदा कानून वक्फ मैनेजमेंट के लिए पर्याप्त हैं और उत्तर प्रदेश के वक्फ बोर्ड में पहले से ही दो महिला सदस्यों का प्रतिनिधित्व है। कोई भी बदलाव करने से पहले हितधारकों की राय पर विचार किया जाना चाहिए।

ओवैसी बोले – यह भाजपा का एजेंडा, वक्फ संपत्तियों को छीनने की कोशिश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार की ओर से संसद में वक्फ बोर्ड संशोधन बिल पेश करने की तैयारी पर एआईएमआईएम प्रमुख और सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र सरकार पर हमला बोला है। कहा कि वक्फ संपत्ति को खत्म करने की भाजपा और आरएसएस की शुरू से योजना रही है। भाजपा शुरू से ही वक्फ बोर्ड और वक्फ संपत्तियों के खिलाफ रही है जबकि आरएसएस का एजेंडा ही हिंदुत्व वाला है। उन्होंने शुरू से ही वक्फ बोर्ड और संपत्तियों को खत्म करने के प्रयास जारी रखे हैं। ओवैसी ने कहा कि ये संशोधन वक्फ संपत्तियों को छीनने के इरादे से हैं। इस अधिनियम का असली मसला धार्मिक स्वतंत्रता को प्रभावित करना है और आरएसएस शुरू से ही वक्फ संपत्तियों को छीनने का इरादा रखता रहा है।


















