CM Hemant Soren ने समीक्षा बैठक में अधिकारियों को दिये निर्देश
Ranchi : झारखंड में प्री मैट्रिक छात्रवृत्ति की राशि में पहली बार बढ़ोतरी की गई है.
अब यह राशि बढ़कर 15 सौ रुपए, 2500 रुपए और 4000 रुपये कर दी गई है.
इस वर्ष नवंबर के अंत तक छात्रवृत्ति की राशि का वितरण कर देने का निर्देश
सीएम हेमंत सोरेन ने समीक्षा बैठक में दिया.
प्री मैट्रिक छात्रवृत्ति की राशि – लाभुकों को मिले योजनाओं का लाभ
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्यक, पिछड़ा वर्ग एवं
कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक की. जिसमें अधिकारियों को कई अहम निर्देश दिए.
उन्होंने अधिकारियों को कहा कि लाभुकों को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का सुलभता से लाभ मिले.
इसके लिए कागजी प्रक्रिया को आसान बनाएं.
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रोजगार रोजगार सृजन योजना समेत अन्य योजनाओं में
अगर गारंटर की जरूरत होती है, तो वैसे लोगों को गारंटर बनाएं जो उनके पहचान के हो.
एक लाख रुपए तक के लोन के लिए किसी गारंटी की जरूरत नहीं
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना सरकार की सबसे महत्वकांक्षी योजनाओं में एक है.
इस योजना के लिए लोगों को आसानी से लोन मिल सके, इस पर सरकार का विशेष ध्यान है.
मुख्यमंत्री ने घोषणा करते हुए कहा कि अब एक लाख रुपए तक के लोन के लिए
लाभुकों को कोई गारंटी नहीं देनी होगी.
234 छात्रावासों का जीर्णाेद्धार पूरा
राज्य में कुल 593 छात्रावास हैं. इनमें 234 छात्रावासों का जीर्णाेद्धार पूरा हो चुका है.
जबकि, 138 के जीर्णाेद्धार का कार्य चल रहा है. वहीं, 221 छात्रावासों के जीर्णाेद्धार का कार्य शुरू होना बाकी है.
इस वर्ष 139 छात्रावासों का जीर्णाेद्धार शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है.
इनमें 82 छात्रावासों का जीर्णाेद्धार डीएमएफटी से किया जाएगा.
छात्रवास के लिए 5 एकड़ जमीन करे चिन्हित
प्रमंडल स्तर पर एक बड़ा और सुसज्जित छात्रावास निर्माण का कंप्रिहेंसिव प्लान तैयार करें.
ऐसे में छात्रवास के लिए न्यूनतम 5 एकड़ जमीन चिन्हित करने के दिए गए निर्देश.
मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत आवेदन करने वाले लाभुकों की अधिकतम
उम्र सीमा को बढ़ाकर 50 वर्ष कर दिया गया है. वहीं, इस वर्ष इस योजना का
बजट एक सौ करोड़ रुपए कर दिया गया है.
प्री मैट्रिक छात्रवृत्ति की राशि : विद्यार्थियों के लिए पोर्टल बनाने का निर्देश
छात्रों को छात्रवृत्ति देने के लिए बच्चे का बैंक में बचत खाता और आधार से लिंक होना अनिवार्य नहीं.
बच्चे का खाता नहीं होने पर उसके अभिभावक के बैंक खाते में छात्रवृत्ति की राशि भेजी जानी है.
इसके लिए बच्चे के नामांकन के दौरान ही उसके अभिभावक का बैंक अकाउंट की
विवरणी प्राप्त कर लेने के निर्देश. मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों के लिए विशेष रूप से एक पोर्टल बनाने का निर्देश दिया. इस पोर्टल पर विद्यार्थियों को शिक्षा से जुड़ी तमाम जानकारियां उपलब्ध कराई जाए और इसी पोर्टल के जरिए विद्यार्थियों के शिकायतों का ऑनलाइन निपटारा की व्यवस्था हो.
अनाथ बच्चों को गोद लेने वाले परिवारों के साथ करे टैग
मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत अब जिला स्तर पर 25 हज़ार रुपए तक की सहायता राशि स्वीकृत करने की शक्ति दी गई है. पहले यह सीमा 10 हज़ार रुपये थी. अनाथ बच्चों को गोद लेने वालों को अनाथ बच्चों की योजनाओं को उसी परिवार के साथ टैग किया जाए, जिसने गोद लिया है, ताकि अनाथ बच्चे को एक सोसाइटी मिल सके. लेकिन, इससे पूरी संवेदनशीलता से लागू करने की जरूरत पर मुख्यमंत्री ने दिया जोर.
14 लाख घरों में नल से मिल रहा पानी
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की समीक्षा करते हुए सीएम हेमंत ने कहा कि राज्य में जल जीवन मिशन के तहत वर्ष 2024 तक 61 लाख घरों में नल के माध्यम से पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करना है. इसके तहत अब तक 14 लाख घरों में नल के माध्यम से पेयजल आपूर्ति हो रही है. वहीं 9 लाख घरों में नल का कनेक्शन देने की योजना को स्वीकृति देने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है. मुख्यमंत्री ने हर घर जल योजना को ग्राम सभा द्वारा 15 दिनों में सर्टिफिकेशन प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया है.
झारखंड में प्री मैट्रिक: जल सहिया को समय पर मिले मानदेय
जल सहिया को मानदेय देने के लिए जल जीवन मिशन और पंचायती राज व्यवस्था से राशि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया लगभग पूरी. जल सहिया को समय पर मानदेय मिले, इसके लिए सभी डीसी को आवश्यक निर्देश दिए गए.
रिपोर्ट: शाहनवाज

















