Nalanda-सीएम नीतीश के परामर्शी- बिहारशरीफ के बारादरी मोहल्ले में अतिक्रमण हटाने गयी पुलिस को स्थानीय लोगों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा, यह पूरा मामला मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के परामर्शी मनीष वर्मा से जुड़ा है.
सीएम नीतीश के परामर्शी हैं मनीष वर्मा
दरअसल सदर सीओ धर्मेंद्र पंडित के नेतृत्व में बिहार थाना की पुलिस शनिवार को अनुमंडल दंडाधिकारी बिहार शरीफ नालंदा के न्यायालय के वाद संख्या 682 (MP)/2014 के आदेश का अनुपालन कराने गयी थी, मनीष वर्मा की बहन अनीता रानी ने अनुमंडल दंडाधिकारी बिहार शरीफ के न्यायालय में रास्ते को लेकर आवेदन दिया गया था. यहां विवाद की वजह 6 फिट का रास्ता है. इस जमीन पर मनीष वर्मा की बहन अनीता रानी और अर्जुन यादव अपना-अपना दावा कर रहे हैं.
पुलिस प्रशासन को भेज कर किया जाता है आरोपियों को परेशान
अर्जुन यादव के परिवार का कहना है कि यह जमीन उनकी है और लेकिन मनीष वर्मा के द्वारा पुलिस प्रशासन को भेजकर परेशान किया जा रहा है. साथ ही जबरन रास्ता देने के लिए दबाव बनाया जा रहा है.
इसके पूर्व भी गोतिया के लोगों को पुलिस के द्वारा परेशान किया गया था.
सभी लोगों पर सीसीए की कार्यवाई की गई थी,
रात रात भर थाने में रखकर पिटाई की जाती है.
इनकी कोशिश सत्ता का हनक दिखा कर जबरन जमीन पर कब्जा करने की है.
सीओ का बयान, रास्ते का है विवाद
जबकि इस मामले में सीओ धर्मेंद्र पंडित का कहना है कि 2014 से
बिहार शरीफ अनुमंडल न्यायालय में रास्ते को लेकर एक मामला चल रहा है.
विवाद की वजह कुछ लोगों के द्वारा रास्ते को अवरुद्ध कर दिया जाना है.
इसमें पूर्व से ही आदेश पारित है,
जिसके अनुपालन के लिए आज तिथि निर्धारित की गयी थी,
लेकिन आरोपियों के द्वारा सरकारी काम में बाधा में डाली जा रही है.
रिमझिम बारिश में घर में लग रही आग
Highlights







