रांची: हेमंत सोरेन मेरे भाई सामान है. उससे दिल्ली की जनता के अधिकार के रक्षा के लिए हम मदद मांगने आए है. केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोट के आदेश को पलटते हुए अध्यया देश ला कर उसे पलट दिया गया. ये दिल्ली के जनता की साथ धोखा है. राज्यसभा में बीजेपी के पास बहुमत नहीं है. इस अध्यादेश के खिलाफ देश भर से आप पार्टी को समर्थन मिल रहा है. राज्य सभा में सभी विपक्षी पार्टी एकजुट हो जाए, तो इस आध्यादेश को रोका जा सकता है. उक्त बाते झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और सीएम केजरीवाल के साझा प्रेस वार्ता में अरविंद केजरीवाल ने कही.
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा की दिल्ली के मुख्यमंत्री के साथ कई गंभीर मुद्दों पर चर्चा हुई. जिस दिन लोकसभा का उद्घाटन हो रहा था, उस दिन लोकसभा से कुछ ही दुरी पर बहुत तरह की घटनाएं घट रही थी. इन सभी मुद्दों पर गुरुजी से चर्चा कर आगे का निर्णय लिया जाएगा.
हम विपक्ष नहीं हैं बल्कि देश भक्त हैं
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि कोई हम कोई व्यक्तिगत समस्या लेकर नहीं आए हैं यह लोकतंत्र की जो हत्या हो रही है, देश में उसको बचाने की मुहिम है. पिछले दिनों हमने देखा था कि हमारे पहलवान अपने जीते हुए मंडल को गंगा जी में बहाने के लिए हरिद्वार गए थे.अगर इस पर कोई समाधान नहीं निकला तो अगली बार वे अपनी अस्थियां विसर्जित करने जाएंगेबीजेपी लोकतंत्र की हत्या करती आई है अगर चुनाव में नहीं जीतती है तो जीते हुए लोगों को तोड़ती है. झारखंड मुक्ति मोर्चा और आम आदमी पार्टी दोनों ही आंदोलन से निकली हुई पार्टी है तो हमें एक और आंदोलन की जरूरत है. लोकतंत्र और चुनाव को बचाने के लिए हम विपक्ष नहीं हैं बल्कि देश भक्त हैं. और हमें एकजुट होना होगा.
उम्मीद है की इस मामले में हमे कांग्रेस का भी समर्थन मिलेगा
पत्रकरों के सवाल का जवाब देते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा की सारी विपक्षी पार्टी एक जुट होगी. हमें पूरी उम्मीद है की इस मामले में हमे कांग्रेस का भी समर्थन मिलेगा. मैं बीजेपी के सांसदों को भी चिट्ठी लिखूंगा कि यह बीजेपी की लड़ाई नहीं है. बल्कि संसद की लड़ाई है. मेरी लड़ाई पूरा देश देख रहा है. कांग्रेस को यह तय करना है कि वह देश के साथ है. लोकतंत्र के साथ है या मोदी जी के साथ है.
अध्यादेश पर गैरभाजपा दलों के समर्थन के लिए पहुंचे थे रांची
दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान दिल्ली सरकार के अधिकारों को लेकर जारी अध्यादेश पर गैरभाजपा दलों के समर्थन के लिए 1 जून रात 9 बजे विशेष विमान से रांची पहुंचे थे. उनके साथ राज्यसभा सदस्य संजय सिंह भी थे. दोनों मुख्यमंत्री और सांसद चेन्नई से सीधे रांची पहुंचे थे. राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा भी रांची पहुंचे थे. गौरतलब है कि यह बीते 4 महीने में हेमंत सोरेन और अरविंद केजरीवाल की दूसरी मुलाकात है. इससे पहले दोनों नेता 7 फरवरी को दिल्ली में मिले थे. तब दोनों ने ही ट्वीट कर मुलाकात की जानकारी देते हुए कहा था उनके बीच देश के वर्तमान मुद्दों, राजनीति और राज्यों में किए जा रहे कार्यों पर चर्चा की गई.

















