रांची: झारखंड में नगर निकाय चुनाव की देरी को लेकर हजारीबाग विधायक प्रदीप प्रसाद ने सरकार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव समय पर नहीं कराए जाने की वजह से केंद्र सरकार से मिलने वाला फंड राज्य को नहीं मिल पा रहा है, जिससे प्रदेश में विकास कार्य ठप पड़े हैं। उन्होंने सरकार से शीघ्र चुनाव कराने की मांग की ताकि रुका हुआ फंड जल्द से जल्द झारखंड को मिल सके।
निकाय चुनाव की देरी से विकास कार्य प्रभावित
विधायक प्रदीप प्रसाद के अनुसार, नगर निकाय चुनाव कराने में हो रही देरी से केंद्र सरकार की ओर से जारी किया जाने वाला फंड झारखंड को नहीं मिल पा रहा है। इससे कई विकास योजनाएं अधर में लटक गई हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की उदासीनता के कारण प्रदेश को वित्तीय नुकसान उठाना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि विधानसभा सत्र के दौरान इस विषय को उठाया गया था, जिस पर सरकार की ओर से आश्वासन दिया गया कि मई तक चुनाव संपन्न कराने का प्रयास किया जाएगा। इसके अलावा, सरकार ने हाई कोर्ट में भी एक शपथ पत्र दायर कर कहा है कि मई महीने के भीतर नगर निकाय चुनाव करा लिए जाएंगे।
21 जिलों की रिपोर्ट पूरी, फिर भी चुनाव में देरी क्यों?
बीजेपी विधायक ने कहा कि राज्य सरकार ने 21 जिलों में चुनाव प्रक्रिया पूरी कर ली है, लेकिन अब भी तीन जिलों में काम अधूरा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब अधिकांश जिलों की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, तो बाकी बचे तीन जिलों में चुनाव कराने में इतनी देरी क्यों हो रही है?
उनका कहना है कि राज्य सरकार को तीनों जिलों में जल्द से जल्द चुनाव प्रक्रिया पूरी करानी चाहिए ताकि झारखंड को केंद्र से मिलने वाला फंड समय पर प्राप्त हो सके और रुके हुए विकास कार्यों को गति मिल सके।
बीजेपी का सरकार पर हमला
नगर निकाय चुनाव की देरी को लेकर बीजेपी ने राज्य सरकार पर सीधा हमला बोला है। बीजेपी नेताओं का कहना है कि अगर 21 जिलों की रिपोर्ट आ चुकी है, तो तीन जिलों की प्रक्रिया में अधिक समय नहीं लगना चाहिए। पार्टी का आरोप है कि चुनाव में देरी के कारण केंद्र सरकार से आने वाली निधि भी रुक गई है, जिससे झारखंड में विकास प्रभावित हो रहा है।
बीजेपी नेताओं का यह भी कहना है कि राज्य सरकार जानबूझकर चुनाव को टाल रही है, ताकि अपने राजनीतिक हित साध सके। विपक्ष ने सरकार से तुरंत चुनाव कराने की मांग की है, जिससे केंद्र सरकार से आने वाली आर्थिक सहायता प्राप्त हो सके और जनता को बुनियादी सुविधाएं मिल सकें।
सरकार का पक्ष
वहीं, सत्ताधारी दलों के विधायकों का कहना है कि राज्य सरकार चुनाव कराने की प्रक्रिया में तेजी ला रही है और समय पर चुनाव कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ लेने के लिए इस मुद्दे को उछाल रहा है।
सरकार का दावा है कि निकाय चुनाव से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं पूरी की जा रही हैं और शीघ्र ही चुनाव की तिथियों की घोषणा कर दी जाएगी। सत्ताधारी दलों के नेताओं ने जनता को आश्वासन दिया है कि सरकार अपने वादों को पूरा करेगी और चुनाव समय पर संपन्न कराए जाएंगे।



















