Ranchi : झारखंड की बेटी बनी देश की उम्मीद, किसान की बेटी अमीषा केरकेट्टा का यूथ ओलंपिक में चयन…

Ranchi : झारखंड की धरती एक बार फिर गर्व से सिर ऊंचा किए खड़ी है जब झारखंड की बेटी का चयन ओलंपिक गेम के लिए हुआ है। सिमडेगा की अमीषा केरकेट्टा का चयन अबूधाबी में होने वाले यूथ ओलंपिक गेम्स के लिए भारतीय बॉक्सिंग टीम में हुआ है। अमीषा अब अंतरराष्ट्रीय रिंग में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। यह सिर्फ एक खिलाड़ी की उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे झारखंड के लिए गौरव की बात है।

Palamu : ‘डॉ. रघुवर दास’, रामचंद्र चंद्रवंशी यूनिवर्सिटी के दूसरे दीक्षांत समारोह में रघुवर दास को मिली डॉक्टरेट की उपाधि 

अमीषा का सफर संघर्षों से भरा रहा है। उनके पिता एक छोटे किसान हैं और मां गृहिणी। सीमित संसाधनों के बावजूद अमीषा ने कभी अपने सपनों को छोटा नहीं किया। झारखंड स्टेट स्पोर्ट्स प्रमोशन सोसाइटी (JSSPS) की प्रशिक्षणार्थी अमीषा को अर्जुन पुरस्कार विजेता कोच बीबी मोहंती से मार्गदर्शन मिला। उन्हीं की देखरेख में उन्होंने बॉक्सिंग की बारीकियां सीखी।

Breaking : रिम्स निदेशक याचिका पर सुनवाई, सरकार को जवाब दाखिल करने का आदेश… 

Ranchi : मेरे माता-पिता और कोच मेरी असली ताकत हैं-अमीषा

हाल ही में अमीषा ने जूनियर वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीतकर देश का नाम रोशन किया। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय एक्सपोजर टूर में भी उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया, जिसके चलते उन्हें यूथ ओलंपिक के लिए चयनित किया गया। अमीषा ने कहा, “हालात कभी अनुकूल नहीं थे, लेकिन मैंने कभी हार नहीं मानी। मेरा सपना है कि मैं 2028 ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करूं। मेरे माता-पिता और कोच मेरी असली ताकत हैं।”

Ranchi : राज्यपाल ने मेडिका अस्पताल जाकर कड़िया मुंडा के स्वास्थ्य की जानकारी ली 

अमीषा एक अनुशासित और समर्पित खिलाड़ी है-कोच

वहीं कोच बीबी मोहंती ने कहा, “अमीषा एक अनुशासित और समर्पित खिलाड़ी है। उसमें ओलंपिक मेडल जीतने की पूरी क्षमता है।” JSSPS की भूमिका को अमीषा ने अपनी सफलता में अहम बताया और कहा कि अगर इस तरह का सहयोग अन्य खिलाड़ियों को भी मिले, तो झारखंड से कई चैंपियन निकल सकते हैं।

Ranchi : सीएम हेमंत सोरेन ने मेडिका हॉस्पीटल में पूर्व लोकसभा उपाध्यक्ष कड़िया मुंडा का जाना हालचाल 

आज अमीषा उन लड़कियों के लिए प्रेरणा हैं, जो सीमित संसाधनों में भी बड़े सपने देखने का साहस रखती हैं। अब सभी की निगाहें अबूधाबी के यूथ ओलंपिक पर टिकी हैं, जहां अमीषा भारत की उम्मीदों को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए तैयार हैं।

ये भी जरुर पढ़ें+++++

Bokaro Hostel Knife Attack: बोकारो हॉस्टल में आखिर क्या हुआ? तीन...

Bokaro Hostel Knife Attack: चीराचास थाना क्षेत्र स्थित क्रिएटिव बॉयज हॉस्टल में चोरी के इरादे से पहुंचे तीन अज्ञात युवकों ने हॉस्टल संचालक समेत...

लाल चींटी की चटनी क्यों खाते हैं झारखंड के आदिवासी? स्वाद...

रांची: झारखंड अपनी प्राकृतिक सुंदरता, जंगलों और समृद्ध आदिवासी संस्कृति के लिए देशभर में अलग पहचान रखता है। यहां के पारंपरिक खान-पान में भी...

Ranchi Transport News:रांची में 281 मालवाहक वाहन वर्षों से Tax बकायेदार,...

रांची में 281 मालवाहक वाहन 12 से 14 साल से रोड टैक्स नहीं दे रहे हैं। ऑडिट में खुलासा होने के बाद DTO ने...