बिहार के सभी प्रखंडों में Model Schools शुरू, अब घर के पास मिलेगी Plus Two तक शिक्षा, NEET-JEE की भी होगी तैयारी

बिहार सरकार ने सभी प्रखंडों में सरस्वती विद्या निकेतन मॉडल स्कूल शुरू किए हैं। विद्यार्थियों को अब घर के पास प्लस टू तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्मार्ट क्लास और NEET-JEE की तैयारी की सुविधा मिलेगी।


Model Schools पटना: बिहार सरकार ने राज्य के विद्यार्थियों को घर के पास ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में सात निश्चय-3 (2025-30) के तहत “उन्नत शिक्षा – उज्ज्वल भविष्य” की संकल्पना को साकार करते हुए सभी 534 प्रखंडों में सरस्वती विद्या निकेतन (मॉडल स्कूल) स्थापित किए गए हैं। इन विद्यालयों में छात्रों को प्लस टू तक आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ NEET और JEE जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कराई जाएगी।

सरकार का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विद्यार्थियों के बीच शिक्षा की गुणवत्ता का अंतर कम करना और हर बच्चे तक आधुनिक शिक्षा पहुंचाना है।

Model Schools :544 विद्यालयों को बनाया गया सरस्वती विद्या निकेतन

शिक्षा विभाग के अनुसार, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप राज्य के सभी जिला स्कूलों तथा प्रत्येक प्रखंड के एक-एक उच्च माध्यमिक विद्यालय को मिलाकर कुल 544 विद्यालयों को सरस्वती विद्या निकेतन (आदर्श विद्यालय) के रूप में विकसित किया गया है। इसके अलावा पहले से संचालित 155 राजकीय एवं राजकीयकृत विद्यालयों को भी चरणबद्ध तरीके से इस योजना के तहत उन्नत किया जाएगा।

सरकार का कहना है कि यह पहल बिहार की सार्वजनिक शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा देने के साथ राज्य को देश के अग्रणी शिक्षा मॉडल के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।


Key Highlights

  • बिहार के सभी 534 प्रखंडों में सरस्वती विद्या निकेतन (मॉडल स्कूल) की स्थापना।

  • विद्यार्थियों को घर के पास प्लस टू तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी।

  • मॉडल स्कूलों में NEET, JEE समेत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की सुविधा।

  • स्मार्ट क्लास, डिजिटल लैब, पुस्तकालय और विज्ञान प्रयोगशालाओं से होंगे लैस विद्यालय।

  • सात निश्चय-3 और नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप शिक्षा व्यवस्था को मिलेगा नया स्वरूप।


Model Schools :स्मार्ट क्लास से लेकर NEET-JEE की तैयारी तक होगी सुविधा

सरस्वती विद्या निकेतन मॉडल स्कूलों में विद्यार्थियों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त शिक्षण व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी। इनमें विज्ञान प्रयोगशाला, आईसीटी लैब, डिजिटल स्क्रीन से लैस स्मार्ट क्लासरूम, समृद्ध पुस्तकालय और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए विशेष कोचिंग की व्यवस्था होगी।

इसके अलावा विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति पर नजर रखने के लिए नियमित साप्ताहिक मूल्यांकन किया जाएगा। जिन छात्रों को अतिरिक्त शैक्षणिक सहायता की आवश्यकता होगी, उनके लिए रिमेडियल कक्षाओं का भी संचालन किया जाएगा।

Model Schools :शिक्षा की गुणवत्ता और कौशल विकास पर विशेष जोर

सरकार के अनुसार, सरस्वती विद्या निकेतन योजना केवल विद्यालयों के भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य शिक्षण की गुणवत्ता, डिजिटल शिक्षा, नवाचार और कौशल विकास को भी मजबूत करना है।

राज्य सरकार का लक्ष्य माध्यमिक और उच्च माध्यमिक स्तर पर समावेशी, आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है, ताकि सरकारी विद्यालय भी शैक्षणिक उत्कृष्टता के नए मानक स्थापित कर सकें और विद्यार्थियों को बेहतर भविष्य के लिए तैयार किया जा सके।

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