नई दिल्ली : पांच राज्यों में होने वाले चुनाव की तारीखों का एलान हो गया है. मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुशील चंद्र ने चुनाव के तारीखों का एलान कर दिया है. जिन राज्यों में चुनाव होने वाले है उनमें उत्तर प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर है.
सात फेज में होंगे पांच राज्यों के चुनाव
मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुशील चंद्र ने कहा कि पांच राज्यों में सात फेज में चुनाव होंगे. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में सात फेज में चुनाव होगा. मणिपुर में दो चरण में होगा. वहीं पंजाब, गोवा और उत्तराखंड में एक-एक चरण में चुनाव होंगे. उत्तर प्रदेश में पहले फेज का मतदान 10 फरवरी को होगा. दूसरे फेज का मतदान 14 फरवरी को, तीसरा फेज का 20 फरवरी को, चौथा फेज का 23 फरवरी को, पांचवा फेज 27 फरवरी को छठा फेज का 3 मार्च और सातवां अंतिम चरण का चुनाव 7 मार्च को होगा.
पंजाब, गोवा और उत्तराखंड में एक फेज में होंगे चुनाव
मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुशील चंद्र ने कहा कि पंजाब, गोवा और उत्तराखंड में एक फेज में चुनाव होंगे. इन तीनों राज्यों में 14 फरवरी को मदतान होगा. मणिपुर पर दो चरणों में चुनाव कराने का चुनाव आयोग ने फैसला किया है. उन्होंने कहा कि मणिपुर में 27 फरवरी को पहले चरण का मतदान और 3 मार्च को दूसरे चरण का मतदान होगा. सभी पांच राज्यों के मतगणना 10 मार्च को होगी.
कोरोना में चुनाव कराना चुनौतीपूर्ण
पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव के तारीखों की घोषणा करने से पहले मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुशील चंद्र ने कहा कि कोरोना की वजह से चुनाव प्रभावित हुए हैं. ऐसे में हमारी ड्यूटी है कि कैसे चुनाव कराए जाएं. कोरोना में चुनाव कराना चुनौतीपूर्ण है. चुनाव की तैयारियों की समीक्षा की गई है. विज्ञान भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुशील चंद्र ने कहा है कि इस बार 5 राज्यों की 690 विधानसभा क्षेत्रों के लिए चुनाव होंगे. उन्होंने कहा कि कोविड सेफ इलेक्शन कराना चुनाव आयोग का उद्देश्य है. मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि 18.34 करोड़ वोटर इस चुनाव में हिस्सा लेंगे.
हर विधानसभा में 1 पोलिंग बूथ महिलाओं का
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि हर विधानसभा में एक पोलिंग बूथ पूरी तरह से महिलाओं द्वार संचालित किया जाएगा. ये महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए बेहतर होगा. दिव्यांगों के लिए व्हील चेयर की भी व्यवस्था की जाएगी. साथ ही कोविड संक्रमित व्यक्तियों के लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी. वहीं बैटल पेपर के जरिए वोटिंग की व्यवस्था होगी.
उम्मीदवार कर सकेंगे ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन
चुनाव आयुक्त ने कहा कि कोरोना को ध्यान में रखते हुए चुनाव आयोग ने फैसला किया है कि उम्मीदवार चुनाव में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकेंगे. सभी एजेंसियों को अलर्ट पर किया गया है. सुविधा एप के जरिए ऑनलाइन नामांकन हो सकेगा. उम्मीदवार ऑनलाइन भी नामांकन कर सकते है. चुनाव आयुक्त ने कहा कि पार्टियों को अपने होमपेज पर आपराधिक आरोप वाले उम्मीदवारों की जानकारी देनी होगी. हर बूथ पर 1250 मतदाता डाल सकेंगे वोट.
हर बूथ पर होगा मास्क और सैनिटाइजर
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि कोविड नियमों के साथ चुनाव को हम पूरा कराएंगे. उन्होंने कहा कि इस चुनाव में हर बूथ पर मास्क और सैनिटाइजर की व्यवस्था होगी. चुनावी खर्च सीमा बढ़ाकर 40 लाख की गई है. 900 ऑब्जर्वर नियुक्त किए जाएंगे.
बढ़ाई गई मतदान केंद्रों की संख्या
मुख्य चुनाव आयुक्त सुशील चंद्रा ने कहा कि मतदान केंद्रों की संख्या 2,15,368 है, 2017 के विधानसभा चुनावों से मतदान केंद्रों की संख्या 16 प्रतिशत बढ़ाई गई है. गोवा, पंजाब, मणिपुर, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव पर मुख्य चुनाव आयुक्त सुशील चंद्रा ने कहा कि सर्विस मतदाता को मिलाकर 18.34 करोड़ मतदाता इस चुनाव में हिस्सा लेंगे जिनमें से 8.55 करोड़ महिला मतदाता हैं.
24.9 लाख मतदाता पहली बार वोट करेंगे
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि 24.9 लाख मतदाता पहली बार वोट करेंगे. कुल 18.30 करोड़ मतदाता वोट करेंगे. पोलिंग स्टेशन में 16 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है. 80 $ को पोस्टल बैलेट की सुविधा दी जाएगी. उन्होंने कहा कि ज्यादातर राज्यों में वैक्सीनेशन की स्थिति बेहतर है. गोवा में 95 फीसदी आबादी का वैक्सीनेशन हो चुका है. उत्तराखंड में 90 फीसदी लोगों को पहली वैक्सीन लग चुकी है.
15 जनवरी तक रैली, रोड शो, पदयात्रा पर रोक
चुनाव आयुक्त ने एलान किया है कि 15 जनवरी तक किसी भी तरह की रैली, रोड शो, पदयात्रा पर रोक लगाई जा रही है. मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि 15 जनवरी तक नुक्कड़ सभाओं पर भी रोक रहेगी. घर-घर प्रचार में भी 5 लोग ही शामिल होंगे.

















