हेमंत सोरेन दे रहे हैं अपना हंड्रेड परसेंट -जय श्री सोरेन
Ranchi-हेमंत सोरेन दे रहे हैं अपना हंड्रेड परसेंट-सीता सोरेन के बगावती तेवर के बीच डीएसएस (DSS) की पहली बैठक पर राजनीतिक पंडितों की नजर लगी हुई थी.
माना जा रहा था कि डीएसएस के केन्द्रीय अध्यक्ष जय श्री सोरेन सरकार पर बड़ा हमला कर सकती है.
लेकिन इसके विपरित जय श्री सोरेन ने बेहद सधा निशाना साधा है.
सरकार पर हमला बोलते हुए भी जय श्री सोरेन हेमंत सोरेन के पक्ष में खड़ी नजर आयी.
लूट में प्रभारियों मंत्रियों की अहम भूमिका
जय श्री सोरेन ने कहा कि हेमंत सोरेन (Hemant soren) अपना हंडरेड परसेन्ट दे रहे है,
लेकिन भष्ट्राचार सरकार में शामिल बाहरी लोगों के द्वारा किया जा रहा है, वैसे लोग जो बाहर से सरकार में शामिल हुए है, इस भष्ट्राचार को अंजाम दे रहे हैं.
इसमें प्रभारी मंत्रियों की अहम भूमिका है.
जल, जंगल और जमीन की बात करते हुए जय श्री सोरेन (Jay shree soren) ने कहा कि झारखंड में 25 लाख डिसमल जमीन की कमी आयी है.
पूरे राज्य में भू माफिया के द्वारा लूट मची हुई है. आधी से ज्यादा आबादी कुपोषित है.
बेरोजगारी का आलम यह है कि हमारे युवा रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों में पलायन कर रहे हैं.
शिक्षा के क्षेत्र में हम 28 राज्यों में 21 में स्थान पर खड़े हुए है.
सवाल उठाते ही आरोप प्रत्यारोपों का दौर शुरु हो जाता है
बेरोजगारी के प्रश्न पर जय श्री सोरेन ने कहा कि रोजगार के मुद्दे पर सवाल सरकार से किया जाना चाहिए.
लेकिन हमारा राजनीतिक स्तर यह है कि
जब भी सवाल खड़ा करो तो उसका समाधान करने के बजाय आरोप-प्रत्यारोपों का दौर शुरु हो जाता है.
हम असली मुद्दे से भटक जाते हैं, सवाल पक्ष विपक्ष का नहीं है, सवाल तो उन मुद्दों का हैं जिससे राज्य की जनता दो चार हो रही है.
सरकार में कुछ ऐसे लोग भी शामिल हैं जिनका काम सिर्फ अपना लाभ कमाना है.
जमीनी स्तर पर काम करेगी दुर्गा सोरेन सेना (Durga soren sena)
यह एक सच्चाई है कि बहुत सी ऐसे बाती है जो हेमंत सोरेन के पास नहीं पहुंच पा रही है,
डीएसएस की अपनी विचारधारा है, हेमंत सरकार की अपनी विचारधारा है,
मेरी कोशिश और गुहार मात्र इतना है कि सरकार जल जंगल और जमीन के मुद्दे पर गंभीरता पूर्वक काम करे, जमीन पर दहकते मुद्दों का समाधान करे,
हमारी कोशिश जमीनी स्तर पर काम करने की है.

















