पटना : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प’ सभागार में केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रहलाद जोशी के साथ बिहार में नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र के विकास एवं ऊर्जा सुरक्षा को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में राज्य में स्वच्छ ऊर्जा के विस्तार, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप नई परियोजनाओं पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक में नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय भारत सरकार के सचिव संतोष कुमार सारंगी एवं बिहार सरकार में ऊर्जा विभाग के सचिव अजय यादव ने नवीकरणीय ऊर्जा को लेकर प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा- ‘प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ के प्रभावी एवं व्यापक क्रियान्वयन कर तेजी से लक्ष्य को प्राप्त करें
बैठक में नई नई दिल्ली से नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय भारत सरकार के सचिव संतोष कुमार सारंगी एवं उनकी टीम और बिहार के विभिन्न जिलों के जिलाधिकारी वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम ये जुड़े हुए थे। बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ के प्रभावी एवं व्यापक क्रियान्वयन कर तेजी से लक्ष्य को प्राप्त करें। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि पात्र परिवारों को योजना का अधिकतम लाभ उपलब्ध कराने के लिए जनजागरूकता बढ़ाई जाए व सभी प्रक्रियाओं को सरल एवं समयबद्ध बनाया जाए। जिलाधिकारी अपने-अपने जिलों के लिए निर्धारित लक्ष्य को तेजी से प्राप्त करें।

किसानों को सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई सुविधाएं उपलब्ध कराने से कृषि लागत कम होगी तथा स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा – मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने ‘पीएम-कुसुम योजना’ के अंतर्गत कृषि क्षेत्र के सौरकरण को प्राथमिकता देने पर बल देते हुए कहा कि किसानों को सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई सुविधाएं उपलब्ध कराने से कृषि लागत कम होगी और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा। बिहार में फ्लोटिंग सोलर की काफी संभावना है। राज्य के जलाशयों एवं अन्य उपयुक्त स्थलों का वैज्ञानिक अध्ययन कर नई परियोजनाओं की कार्ययोजना तैयार करें, जिससे बिहार नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन में नई उपलब्धियां हासिल कर सके।
बैठक के दौरान राज्य के लिए ग्रीन हाइड्रोजन नीति तैयार करने की दिशा में आवश्यक पहल करने पर भी विचार किया गया
बैठक के दौरान राज्य के लिए ग्रीन हाइड्रोजन नीति तैयार करने की दिशा में आवश्यक पहल करने पर भी विचार किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भविष्य की ऊर्जा आवश्यकताओं एवं औद्योगिक विकास को ध्यान में रखते हुए बिहार को उभरती हुई स्वच्छ ऊर्जा प्रौद्योगिकियों के लिए तैयार करना आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में निजी निवेश आकर्षित करने हेतु निवेशकों के लिए अनुकूल एवं पारदर्शी वातावरण विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिहार की सौर ऊर्जा क्षमता का वैज्ञानिक आकलन कर उसका अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाए तथा उत्पादन, वितरण एवं ऊर्जा अवसंरचना को सुदृढ़ बनाया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा- सभी नवीकरणीय ऊर्जा योजनाओं का सुव्यवस्थित एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान वैश्विक भू-राजनीतिक परिस्थितियों व जीवाश्म ईंधनों एवं परिवहन श्रृंखलाओं से जुड़ी अनिश्चितताओं को देखते हुए भारत को स्वच्छ एवं आत्मनिर्भर ऊर्जा की दिशा में तेजी से आगे बढ़ना होगा। सभी नवीकरणीय ऊर्जा योजनाओं का सुव्यवस्थित एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को बिहार में प्रभावी रूप से साकार किया जा सके। केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी का विशेष तौर पर आभार व्यक्त करते हैं कि उन्होंने बिहार आकर योजनाओं की समीक्षा की। साथ ही बिहार को नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के लिए जो सुझाव दिया है उस पर तेजी से कार्य करेंगे।
CM सम्राट के साथ केंद्रीय मंत्री, बिहार के मंत्री के अलावा कई अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रहलाद जोशी, बिहार सरकार के ऊर्जा मंत्री शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय, भारत सरकार के सचिव संतोष कुमार सारंगी, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय भारत सरकार के संयुक्त सचिव अनुपम कुमार, बिहार सरकार में ऊर्जा विभाग के सचिव अजय यादव व मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह सहित अन्य वरीय अधिकारी मौजूद थे।

यह भी पढ़े : एक करोड़ नए राशन कार्ड बनाने का मुख्यमंत्री ने दिया निर्देश
Highlights


















