पटना : राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा है कि राज्य में राजस्व प्रशासन को अधिक प्रभावी, जवाबदेह और पारदर्शी बनाने के लिए स्थानांतरित एवं पदस्थापित अधिकारियों का समय पर योगदान सुनिश्चित करना आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि विभागीय आदेशों का पालन हर अधिकारी की जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिन अधिकारियों का स्थानांतरण एवं पदस्थापन किया जा चुका है, उन्हें बिना किसी विलंब के अपने नए पदस्थापन स्थल पर योगदान देना चाहिए – मंत्री दिलीप जायसवाल
मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा कि जिन अधिकारियों का स्थानांतरण एवं पदस्थापन किया जा चुका है, उन्हें बिना किसी विलंब के अपने नए पदस्थापन स्थल पर योगदान देना चाहिए, ताकि आम जनता को राजस्व संबंधी सेवाओं का लाभ समय पर मिल सके और प्रशासनिक कार्य प्रभावित न हों।
‘विभाग के संज्ञान में यह बात आई है कि कुछ अधिकारियों ने अब तक नए पद पर योगदान नहीं दिया है’
उन्होंने बताया कि विभाग के संज्ञान में यह बात आई है कि कुछ अधिकारियों ने अब तक नए पद पर योगदान नहीं दिया है। ऐसे मामलों में विभाग ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि संबंधित अधिकारियों को तत्काल विरमित किया जाए। यदि ऐसा नहीं किया जाता है, तो नौ जुलाई 2026 (पूर्वाह्न) से वे खुद-ब-खुद विरमित माने जाएंगे और जुलाई 2026 का वेतन भी नए पदस्थापन स्थल से ही देय होगा।
मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि राजस्व प्रशासन पूरी क्षमता और जवाबदेही के साथ कार्य करें
मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि राजस्व प्रशासन पूरी क्षमता और जवाबदेही के साथ कार्य करें। इसलिए विभागीय आदेशों के अनुपालन में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी अधिकारियों से अपेक्षा है कि वे तत्काल अपने नए पदस्थापन स्थल पर योगदान देकर जनता के हित में कार्य करें।
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