Jharkhand High Court ने CGL Paper Leak मामले में CID जांच पर नाराजगी जताई। रिजल्ट प्रकाशन पर रोक बरकरार, अगली सुनवाई 15 अक्टूबर को होगी।
CGL Paper Leak 2023 रांची: Jharkhand High Court ने सामान्य स्नातक योग्यताधारी संयुक्त प्रतियोगिता (CGL)-2023 परीक्षा पेपर लीक मामले की जांच पर गंभीर सवाल उठाए हैं। गुरुवार को चीफ जस्टिस तरलीक सिंह चौहान और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि CID जांच सही दिशा में आगे नहीं बढ़ रही है।
खंडपीठ ने कहा कि जब हाथ में सबूत मौजूद है, तो CID नए सबूत ढूंढने के बजाय पहले से मिले तथ्यों की गहन जांच क्यों नहीं कर रही। कोर्ट ने विशेष रूप से संतोष मस्ताना नामक सरकारी अधिकारी के फोन कॉल पर सवाल उठाया। खंडपीठ ने कहा कि CID ने अब तक यह स्पष्ट नहीं किया कि उस अधिकारी को फोन किसने किया था और यह जानकारी कहां से आई थी।
Key Highlights:
हाईकोर्ट ने CGL पेपर लीक मामले में CID जांच की दिशा पर सवाल उठाया।
रिजल्ट प्रकाशन पर लगी रोक को हटाने से खंडपीठ ने फिलहाल इनकार किया।
कोर्ट ने कहा- जब हाथ में सबूत है तो CID सही पूछताछ क्यों नहीं कर रही।
राज्य सरकार ने रिजल्ट रोक हटाने की मांग की, कोर्ट ने नहीं मानी।
तीन सदस्यीय SIT जांच कर रही है, अगली सुनवाई 15 अक्टूबर को होगी।
कोर्ट ने मौखिक टिप्पणी में CID की कार्यशैली पर नाराजगी जताते हुए कहा कि जांच सही रास्ते पर नहीं चल रही। इसी आधार पर खंडपीठ ने फिलहाल परीक्षा परिणाम के प्रकाशन पर लगी रोक को बरकरार रखा। हालांकि, अगली सुनवाई में राज्य सरकार की ओर से रोक हटाने संबंधी याचिका पर विचार किया जाएगा।
राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता राजीव रंजन ने केस डायरी पढ़कर बताया कि अब तक CID की जांच में किसी तरह के पेपर लीक की पुष्टि नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि इस मामले की जांच तीन सदस्यीय SIT कर रही है और रिपोर्ट जल्द ही पेश की जाएगी। साथ ही सरकार ने रिजल्ट प्रकाशन पर लगी रोक को हटाने का आग्रह भी किया।
दूसरी ओर, याचिकाकर्ताओं की ओर से वरीय अधिवक्ता अजीत कुमार ने सरकार की दलीलों का विरोध किया। जबकि हस्तक्षेपकर्ताओं की ओर से सुप्रीम कोर्ट के वरीय अधिवक्ता गोपाल शंकर नारायण और अधिवक्ता अमृतांश वत्स ने भी रिजल्ट प्रकाशन पर लगी रोक हटाने की मांग की।
अंततः खंडपीठ ने कहा कि इस मामले की अगली सुनवाई 15 अक्टूबर को होगी। तब तक परीक्षा परिणाम पर लगी रोक जारी रहेगी।


















