Ranchi-जेएसएससी की नई नियुक्ति नियमावली को चुनौती देने वाली याचिका पर झारखंड हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस एसएन प्रसाद की खंडपीठ में सुनवाई हुई.
सुनवाई के दौरान प्रार्थी की ओर से अदालत को बताया गया कि सरकार को कई मौकों पर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया गया है, लेकिन सरकार ने अभी तक अपना जवाब दाखिल नहीं किया है. इस पर अदालत ने मौखिक रुप टिप्पणी करते हुआ कहा कि नियमावली को देखकर प्रतीत होता है कि सरकार सामान्य वर्ग के छात्रों को राज्य से बाहर जाकर पढ़ाई करने नहीं देना चाहती. इन्हें यहीं पर रोक कर रखना चाहती है, जबकि आरक्षित वर्ग के लोगों के लिए छूट है. अदालत ने कहा कि सरकार अन्य नियुक्तियां भी निकाल रही है. ऐसे में अगर इस मामले में देरी की जाएगी, तो अन्य नियुक्तियां भी इससे प्रभावित होंगी.
बता दें कि रमेश हांसदा और कुशल कुमार की ओर से हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की गई है. इसमें कहा गया है कि जेएसएससी नियुक्ति के लिए दसवीं और 12वीं की परीक्षा राज्य के संस्थान से उत्तीर्ण होने की शर्त लगाया जाना असंवैधानिक है. इसके साथ ही भाषा से हिंदी और अंग्रेजी को हटाना भी गलत है.
रिपोर्ट- प्रोजेश
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